गौरीगंज: शारदीय नवरात्र को लेकर मिशन शक्ति की तैयारियां तेज
September 22, 2026
गौरीगंज/अमेठी। आगामी शारदीय नवरात्र के दृष्टिगत महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को लेकर अमेठी पुलिस ने मिशन शक्ति अभियान को और प्रभावी बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में मंगलवार को पुलिस अधीक्षक अमेठी श्री सरवणन टी. ने पुलिस कार्यालय गौरीगंज में जनपद के विभिन्न थानों पर बनाए गए मिशन शक्ति केंद्रों के नोडल अधिकारियों तथा बीट में नियुक्त महिला पुलिसकर्मियों के साथ गोष्ठी आयोजित कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। गोष्ठी में पुलिस अधीक्षक ने कहा कि मिशन शक्ति अभियान का उद्देश्य केवल जागरूकता तक सीमित न रहकर महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा के साथ उनके अधिकारों के प्रति जागरूक एवं आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने महिला बीट आरक्षियों एवं नोडल अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में सक्रिय रहकर कम्युनिटी पुलिसिंग को मजबूत करने के निर्देश दिए। एसपी ने कहा कि गांवों एवं मोहल्लों में नियमित रूप से ग्राम चैपाल आयोजित कर महिलाओं की समस्याएं सुनी जाएं तथा शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कराया जाए। चैपालों के माध्यम से महिलाओं और बालिकाओं को शासन द्वारा संचालित कल्याणकारी योजनाओं, महिला सुरक्षा से जुड़े कानूनी प्रावधानों तथा महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी जाए। इसके लिए पंपलेट वितरित कर व्यापक जनजागरूकता फैलाने के भी निर्देश दिए गए। पुलिसकर्मियों को 1090 वूमेन पावर लाइन, 181 महिला हेल्पलाइन, 112 पुलिस आपातकालीन सेवा, 108 एंबुलेंस, 1076 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन, 102 स्वास्थ्य सेवा तथा 1930 साइबर हेल्पलाइन के बारे में महिलाओं एवं बालिकाओं को जानकारी देने के लिए कहा गया। इसके साथ ही स्कूल-कॉलेजों के खुलने और बंद होने के समय तथा महिला छात्रावासों के आसपास एंटी रोमियो टीम को सक्रिय रूप से भ्रमणशील रहने के निर्देश दिए गए। मनचलों और शोहदों की गतिविधियों पर नजर रखते हुए नियमानुसार कठोर कार्रवाई करने को कहा गया। गोष्ठी में मिशन शक्ति केंद्रों के सुचारू एवं प्रभावी संचालन में आने वाली समस्याओं, आवश्यकताओं और सुझावों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। एसपी ने सभी संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मिशन शक्ति अभियान को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने और महिलाओं में आत्मसुरक्षा तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता की भावना मजबूत करने के निर्देश दिए।
