लखनऊ। मूलचंद रस्तोगी औषधालय ट्रस्ट एवं रस्तोगी स्वास्थ्य परामर्श केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में बृहस्पतिवार को नादान महल रोड स्थित औषधालय में सुबह 9 बजे से एक विशाल निशुल्क चिकित्सीय शिविर का आयोजन किया गया। एक माह के अंतराल में आयोजित इस दूसरे कैम्प में कुल 86 मरीजों का निशुल्क पंजीकरण एवं उपचार किया गया, जिसमें सर्वाधिक संख्या मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की रही।
शिविर में विभिन्न चिकित्सा पद्धतियों के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने अपनी सेवाएं दीं। इनमें श्वास एवं दमा रोग विशेषज्ञ डॉ. विनय मिश्रा, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. अंशु माला रस्तोगी, फिजिशियन डॉ. रितु राज गुप्ता, न्यूरोसाइकियाट्रिस्ट डॉ. प्रियदर्शी, आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. मयंक शुक्ला, होम्योपैथी विशेषज्ञ डॉ. आर. सी. गुप्ता, फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. दीपक मिश्रा, नेत्र रोग विशेषज्ञ करीम जी एवं न्यूरोपैथी विशेषज्ञ डॉ. अश्वनी मौर्या शामिल रहे।
स्वास्थ्य परामर्श के साथ-साथ शिविर में रियायती दरों पर पैथोलॉजी जांच की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई। कुल 23 मरीजों ने महज 119 रुपये की रियायती दर पर ज्ैभ्, ैळच्ज्, यूरिक एसिड, ब्लड शुगर रैंडम, क्रिएटिनिन और कैल्शियम की जांच कराई। इसके अलावा, एक सहयोगी आयुर्वेदिक कंपनी के सौजन्य से 11 मरीजों को निशुल्क दवाइयां भी वितरित की गईं।
औषधालय के ट्रस्टी राकेश रस्तोगी ने संस्थान के गौरवशाली इतिहास पर प्रकाश डालते हुए बताया कि मूलचंद रस्तोगी औषधालय की स्थापना सन् 1918 में हुई थी। पूर्व में औषधालय की अपनी निर्माणशाला थी, जहाँ वितरित होने वाली औषधियों का निर्माण किया जाता था। इस निर्माणशाला की विशेष बात यह थी कि इसके सभी कर्मचारी दिव्यांग जन थे। वहीं, मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र नाथ रस्तोगी ने जानकारी दी कि इस औषधालय के अंतर्गत पूर्व में एक जच्चा-बच्चा अस्पताल और एक महाविद्यालय का संचालन भी सफलतापूर्वक किया जाता था।
इस सफल आयोजन और शिविर के संचालन में रस्तोगी स्वास्थ्य परामर्श केंद्र के संरक्षक हरी जीवन रस्तोगी, ट्रस्ट के राकेश, कपिल, मोहन, उमेश के साथ-साथ हर्ष एवं प्रमोद का विशेष योगदान रहा।
