प्रतापगढः हनुमान मंदिर में 135 साल पुरानी परंपरा, छप्पन भोग से सजी कान्हा की बरही! 135 साल पुरानी परंपरा को श्रद्धा से निभा रहे हनुमान भक्त - रोशनलाल उमरवैश्य
September 16, 2026
प्रतापगढ़। श्री हनुमान मंदिर चिलबिला में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की बरही श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाई गई। बरही के अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण को छप्पन प्रकार के व्यंजनों का भोग अर्पित किया गया।इसके बाद विधिवत पूजन-अर्चन एवं आरती कर श्रद्धालुओं ने सुख-समृद्धि की कामना की। भव्य आयोजन को लेकर मंदिर परिसर आकर्षक ढंग से सजाया गया था। मंदिर समिति के महासचिव एवं समाजसेवी रोशनलाल उमरवैश्य ने मंगलवार को भगवान श्रीकृष्ण, हनुमान जी महाराज, माता जी, राम दरबार एवं भगवान भोलेनाथ का विधिवत पूजन-आरती की। इसके पश्चात ब्राह्मण पूजन एवं भोज कराया गया और विशाल भंडारे का शुभारंभ हुआ। ब्राह्मणों को वस्त्र दान कर श्रद्धालुओं ने आशीर्वाद प्राप्त किया। समाजसेवी रोशनलाल उमरवैश्य ने कहा कि हनुमान मंदिर चिलबिला में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की बरही पर भंडारे की परंपरा करीब 135 वर्षों से चली आ रही है। पीढ़ियों से चली आ रही इस धार्मिक परंपरा को आज भी पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ निभाया जा रहा है। बरही के दौरान महिलाओं ने मंगलगीत और सोहर गाकर भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की खुशियां मनाईं। माखन खिलाकर कान्हा की बरही की रस्म पूरी की गई। मंदिर परिसर में दिनभर श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही। भंडारे में बड़ी संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।भंडारे के प्रभारी सूरज उमरवैश्य अपने सहयोगियों के साथ व्यवस्था संभालते रहे। आयोजन को सफल बनाने में सुरेश अग्रवाल, रामगोपाल, विवेक उमरवैश्य, संतोष कुमार, छेदीलाल, देवानंद, पुल्लू, राकेश बनिया, शनि महाराज, सोनू महाराज, अशोक लाइट, ननका, शुभम, सचिन, मनीष, अमन गुप्ता, श्याम बाबू, अमित, रवि गुप्ता, दीपू, विपिन, सनी गुप्ता, सुरेश पांडे नेताजी, विवेक यादव, राजकुमार, राजू महुली सहित बड़ी संख्या में हनुमान भक्तों ने सहयोग किया।
