- प्रशासन यह समझ ले, मैं डरने वाला नहीं हूं", हाउस अरेस्ट के बाद रजत त्यागी का बड़ा बयान
- बिजनौर के ज्ञान विहार स्थित कार्यालय में पुलिस ने रोका, दिल्ली जंतर-मंतर जाने की नहीं दी अनुमति
- जंतर-मंतर पर छात्रों पर लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले दागे जाने की घटना पर की कड़ी निंदा, सरकार पर तानाशाही का आरोप
- वर्ष 2021 से अब तक 40 से अधिक पेपर लीक होने का किया दावा, छात्रों की मांगों को बताया पूरी तरह जायज
बिजनौर! समाजवादी पार्टी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय सचिव रजत त्यागी उर्फ राजा भैया को दिल्ली में जंतर मंतर पर चल रहे छात्र-युवा प्रदर्शन में शामिल होने से पहले पुलिस प्रशासन द्वारा बिजनौर के ज्ञान विहार स्थित उनके कार्यालय पर हाउस अरेस्ट किए जाने का मामला सामने आया है। इस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए राजा भैया ने प्रदेश एवं केंद्र सरकार पर लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन करने का आरोप लगाया।
राजा भैया ने कहा कि वह दिल्ली के जंतर-मंतर पर पेपर लीक और बेरोजगारी के मुद्दे पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं के समर्थन में जाने वाले थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस प्रशासन ने उन्हें उनके कार्यालय पर ही रोक दिया। उन्होंने इसे लोकतंत्र की आवाज को दबाने का प्रयास बताया।
उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं एवं युवाओं पर अंधाधुंध लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले दागना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उनका कहना था कि अपने अधिकारों और भविष्य की लड़ाई लड़ रहे युवाओं पर बल प्रयोग करना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
राजा भैया ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार में लगातार नीट सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक हो रहे हैं, जिससे लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2021 से अब तक 40 से अधिक पेपर लीक हो चुके हैं। इसके बावजूद सरकार समस्या का स्थायी समाधान निकालने के बजाय विरोध करने वाले छात्र-छात्राओं पर कार्रवाई कर रही है।
उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगें पूरी तरह न्यायोचित हैं और सरकार को उनके साथ संवाद कर उनकी समस्याओं का समाधान करना चाहिए। युवाओं को न्याय दिलाने के बजाय उन पर बल प्रयोग करना सरकार की असंवेदनशीलता को दर्शाता है।
हाउस अरेस्ट किए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए राजा भैया ने कहा कि "प्रशासन यह समझ ले, मैं डरने वाला नहीं हूं। लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई आगे भी मजबूती से लड़ता रहूंगा। जनता और युवाओं की आवाज को किसी भी कीमत पर दबाया नहीं जा सकता।"
उन्होंने कहा कि सरकार की जनविरोधी नीतियों और युवाओं की अनदेखी के कारण जनता में भारी आक्रोश है। अब सरकार के "पाप का घड़ा भर चुका है" और आने वाले समय में जनता लोकतांत्रिक तरीके से इसका जवाब देगी।
अंत में राजा भैया ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं और युवाओं के प्रति अपना समर्थन दोहराते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा युवाओं, छात्रों और बेरोजगारों के हितों की लड़ाई लड़ती रही है और आगे भी उनके अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
