संसद का मानसून सेशन शुरू होने से पहले 19 जुलाई को होगी सर्वदलीय बैठक
July 12, 2026
संसद के मानसून सेशन की शुरुआत से 1 दिन पहले यानी 19 जुलाई को केंद्र सरकार ने सर्वदलीय बैठक बुलाई है। इस मीटिंग में केंद्र सरकार अपने विधायी एजेंडे की रूपरेखा पेश करेगी, जबकि विपक्षी पार्टियां उन मुद्दों को सामने रखेंगी जिन्हें वे मानसून सेशन के दौरान उठाना चाहते हैं। संसद के हर सत्र से पहले होने वाली यह सर्वदलीय बैठक 19 जुलाई को सुबह 11 बजे शुरू होगी। केंद्र सरकार के पास इस बार कई अहम विधेयकों का एजेंडा है और मानसून सेशन में कई अहम बिल पेश किए जा सकते हैं।
हालांकि, यह मानसून सेशन काफी हंगामेदार रहने की आशंका है। दूसरी तरफ, पिछले कुछ समय में कई विपक्षी दलों में टूट और अंदरूनी कलह भी देखने को मिले हैं। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद TMC में भी उथल-पुथल मची हुई है। TMC के 20 सांसद, नेशनल सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया में शामिल हो चुके हैं। उन्होंने संसद के निचले सदन लोकसभा में ममता बनर्जी गुट के सांसदों से अलग बैठने की मांग की है। वहीं, टीएमसी के 3 राज्यसभा सांसद भी पार्टी से इस्तीफा देकर BJP का दामन थाम चुके हैं।
इसी तरह, उद्धव ठाकरे की पार्टी शिवसेना UBT में भी एक और विभाजन देखने को मिला है। लोकसभा में UBT के 6 सांसद महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे की लीडरशिप वाली शिवसेना में शामिल हो गए हैं। उससे पहले आम आदमी पार्टी के 7 राज्यसभा सांसद भी BJP में शामिल हो चुके हैं।
माना जा रहा है कि विपक्ष, संसद के मानसून सेशन में NEET-UG पेपर लीक का केस समेत कई अहम मुद्दों को उठा सकता है। इससे पहले केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू बता चुके हैं कि संसद का मानसून सेशन 20 जुलाई से 13 अगस्त 2026 तक चलेगा। किरेन रिजिजू ने बताया था कि भारत सरकार की सिफारिश पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के दोनों सदनों का मानसून सेशन बुलाने को मंजूरी दे दी है। उनका कहना है कि राष्ट्रीय महत्व के मुद्दों पर सार्थक चर्चा, बहस और निर्णय के मकसद से यह सेशन 20 जुलाई से शुरू होकर 13 अगस्त तक चलेगा।
