ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन बन रहे हैं 2 बेहद दुर्लभ योग का शुभ संयोग, जरूर करें ये काम
June 28, 2026
ज्येष्ठ पूर्णिमा 29 जून 2026 को मनाई जाएगी। हिंदू धर्म में पूर्णिमा तिथि का विशेष महत्व बताया गया है। इस दिन गंगा और अन्य पवित्र नदियों में स्नान-दान करने से पुण्यकारी फलों की प्राप्ति होती है। पूर्णिमा के दिन माता लक्ष्मी, भगवान विष्णु और चंद्रदेव की उपासना का विधान है। ऐसा करने से व्यक्ति को मनचाहा परिणाम मिलता है। इस बार की ज्येष्ठ पूर्णिमा अत्यंत खास मानी जा ही है। दरअसल, ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन शुभ योग और मूल नक्षत्र का दुर्लभ संयोग बन रहा है। इस योग में इन कामों को करने से धन-समृद्धि की प्राप्ति होती है। तो आइए जानते हैं कि ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन कौनसे उपाय करने चाहिए।
चंद्रमा की पूजा
ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन रात के समय चंद्रोदय के बाद एक लोटा जल लें और उसमें दूध, सफेद फूल और अक्षत मिलाकर चंद्रमा को अर्घ्य दें। ऐसा करने से चंद्र दोष दूर होता है और कुंडली में चंद्रमा की स्थिति मजबूत होती है। इस उपाय को करने से मानसिक तनाव भी दूर होता है।
शिवलिंग का जलाभिषेक
ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन भगवान शिव की पूजा करना अत्यंत शुभ माना जाता है। पूर्णिमा के दिन शिवलिंग पर बेलपत्र और फल अर्पित करें। इस उपाय को करने से जीवन की समस्त परेशानियां शीघ्र दूर हो जाती है।
मां लक्ष्मी को लगाएं खीर का भोग
ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन माता लक्ष्मी की पूजा जरूर करें। इस दिन मां लक्ष्मी को खीर और मिश्री का भोग लगाएं। पूर्णिमा के दिन इस उपाय को करने से धन-धान्य में बरकत होती है और आर्थिक स्थिति पहले से अधिक मजबूत होती है।
मुख्य द्वार पर जलाएं दीया
घर का मुख्य द्वार हमेशा साफ-सुथरा रखना चाहिए। ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन सुबह और शाम के समय मुख्य द्वार पर दीया जलाएं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस उपाय को करने से सारी नकारात्मक ऊर्जा दूर हो जाती है और घर में सकारात्मक शक्तियों का प्रवेश होता है। घर से सारी आर्थिक तंगी शीघ्र दूर हो जाती है।
पूर्णिमा के दिन करें दान
ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन गरीब और जरूरतमंद लोगों को अन्न, धन और वस्त्र का दान करें। इस उपाय से व्यक्ति को पुण्य की प्राप्ति होती है। वहीं अगर आपकी कुंडली में चंद्रमा कमजोर है तो पूर्णिमा के दिन सफेद चीजें (दूध, चावल, चीनी, चांदी) आदि का दान करें।
