रेणुकूट (सोनभद्र)। लायंस क्लब रेणुकूट द्वारा 2 अक्टूबर से सेवा सप्ताह का आयोजन क्लब अध्यक्ष लायन गोपाल सिंह की अध्यक्षता एवं सेवा सप्ताह चेयरपर्सन लायन बृजेश जायसवाल के नेतृत्व में किया गया। सप्ताह भर चले इस अभियान के दौरान स्वास्थ्य, स्वच्छता, जनजागरूकता एवं सेवा से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए।
सेवा सप्ताह के प्रथम दिन गांधी जयंती एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस दौरान लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हुए साफ-सुथरा वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया गया।
दूसरे दिन लायंस प्राथमिक विद्यालय में बच्चों के लिए दंत चिकित्सा जांच एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुआ। लायन डॉ. रवि त्रिपाठी ने बच्चों के दांतों की जांच कर उन्हें दंत स्वच्छता और नियमित देखभाल के बारे में जानकारी दी।
तीसरे दिन हिंडालको अस्पताल में भर्ती मरीजों के बीच फल वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम हिंडालको की सीएमओ डॉ. नीलम त्रिपाठी के सहयोग एवं वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी लायन डॉ. राकेश रंजन के नेतृत्व में संपन्न हुआ। इस दौरान मरीजों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की गई।
चौथे दिन लायंस प्राथमिक विद्यालय में नेत्र परीक्षण शिविर लगाया गया। लायन डॉ. अखिलेश गुप्ता के नेतृत्व में बच्चों की आंखों की जांच की गई तथा उन्हें नेत्र स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया गया।
पांचवें दिन राधा कृष्ण मंदिर प्रांगण में मधुमेह एवं टीबी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें लोगों को इन बीमारियों के लक्षण, बचाव और समय पर जांच के महत्व की जानकारी दी गई।
सेवा सप्ताह के अंतिम चरण में क्लब सदस्यों ने जरूरतमंद एवं असहाय लोगों के बीच अन्न वितरण कर सेवा कार्य किया। इस अवसर पर समाज के वंचित वर्गों की सहायता के लिए सभी सदस्यों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
कार्यक्रमों की सफलता में लायन विष्णु मोदी, लायन सुनील अग्रवाल, लायन दिलीप दुबे, लायन प्रदीप्त मिश्रा, लायन आर.के. मिश्रा, लायन विवेक अग्रवाल, लायन मुकुश श्रीवास्तव, सचिव लायन रूपेश सिंह, कोषाध्यक्ष लायन नवीन जोशी सहित अन्य सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
लायंस क्लब रेणुकूट के पदाधिकारियों ने बताया कि सेवा सप्ताह का उद्देश्य समाज के विभिन्न वर्गों तक स्वास्थ्य, स्वच्छता और जनजागरूकता का संदेश पहुंचाना तथा जरूरतमंद लोगों की सहायता करना है। सप्ताह भर चले कार्यक्रमों ने समाजसेवा की भावना को और सुदृढ़ किया।
