लखनऊः लासा गांव में बाढ़ के पानी में डूबने से 17 वर्षीय किशोर की मौत, परिजनों में मचा कोहराम! ग्रामीणों का आरोप - नाव सुबह समय से ना मिलने से हुआ हादसा, प्रशासन पर कम नाव चलवाने का आरोप
October 06, 2026
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के इटौंजा के लासा, अकड़रिया कलां,अकड़रिया खुर्द, दुघरा इन क्षेत्रों में पर्याप्त मात्रा में नाव का संचालन नहीं किया जा रहा है। इलाके से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में पानी के तेज बहाव और जलभराव के बीच गोमती नदी में डूबने से 17 वर्षीय विमल कुमार की मौत हो गई। जिससे मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। वही विमल कुमार सुबह के वक्त शौच के लिए घर से निकला था और इसी दौरान वह अनजाने में बाढ़ के पानी और गोमती नदी के तेज बहाव की चपेट में आकर डूब गया, जैसे ही परिजनों को इस बात की भनक लगी तो घर में चीख-पुकार मच गई और फौरन ग्रामीण तथा गोताखोरों की टीम उसकी तलाश में जुट गई। वही करीब पांच घंटे की कड़ी मशक्कत और रेस्क्यू अभियान के एसडीआरएफ और गोताखोरों ने किशोर के शव को चार घंटे बाद नदी से बरामद कर लिया। घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम आकाश कुमार, तहसीलदार शरद सिंह, डीसीपी, एडीसीपी और एसीपी समेत भारी पुलिस बल और तहसील प्रशासन मौके पर पहुंच गए और स्थिति का जायजा लिया। समाजवादी पार्टी सक्रिय नेता शिवेन्द्र यादव हनी, पूर्व विधायक गोमती यादव, समाजवादी पार्टी पदाधिकारी सुनील भदोरिया, समाजवादी नेता यशवीर लोधी, भाजपा नेता दीपक शुक्ला तिरंगा महाराज, लखनऊ किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष अतुल मिश्रा की मौजूदगी में परिजनों ने पीड़ित परिवार के लिए उचित आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिए जाने की पुरजोर मांग की, जिस पर प्रशासन की ओर से सकारात्मक कदम उठाते हुए पोस्टमार्टम के बाद चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिए जाने का आश्वासन दिया गया है। बीकेटी प्रशासन द्वारा जरूरी दस्तावेज भी ले लिए गए हैं, जिसके बाद परिजनों ने शव को पोस्टमार्टम के लिए पुलिस के सुपुर्द कर दिया है।
