•मूसलाधार बारिश में नगर निगम अलर्ट
•जल निकासी से लेकर जर्जर भवनों तक चला अभियान
•नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक ने किया स्थलीय निरीक्षण
•QRT समेत निगम की टीमें जलभराव वाले क्षेत्रों में जुटीं
•जर्जर भवनों को चिन्हित कर नोटिस व सुरक्षात्मक कार्रवाई
•पार्कों में भी चला सफाई अभियान
सनेश ठाकुर
मुरादाबाद (विधान केसरी)।भारी मूसलाधार बारिश के बीच हाथों में छाता लिए, अपने अधीनस्थ अफसरों को साथ लेकर सड़कों पर जलभराव और सफाई व्यवस्था का जायजा लेने निकले ये मुरादाबाद के नवनियुक्त नगर आयुक्त IAS हिमांशु कौशिक हैं। मुरादाबाद का चार्ज संभाले अभी महज दो दिन ही हुए हैं, लेकिन नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक बारिश के बीच खुद मैदान में उतरकर व्यवस्थाओं की हकीकत परखते नजर आए। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर जल निकासी, नालों-पुलियों की स्थिति और सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। जहां भी जल निकासी में अवरोध मिला, वहां तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए। अधिकारियों और नगर निगम की टीमों को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने तथा जलभराव की सूचना पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया। चार्ज लेते ही फील्ड में सक्रिय नजर आए नए नगर आयुक्त की ये तस्वीरें अब चर्चा में है।
मूसलाधार बारिश के बीच हाथों में छाता लेकर अधीनस्थों के साथ मुरादाबाद शहर की व्यवस्था परखते नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक
महानगर में शनिवार सुबह से हो रही लगातार मूसलाधार बारिश को देखते हुए नगर निगम मुरादाबाद पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहा। बारिश के कारण जलभराव की संभावित स्थिति से निपटने के लिए नगर निगम की त्वरित प्रतिक्रिया टीम (QRT), सफाई कर्मियों, अभियंताओं तथा अन्य विभागीय कर्मचारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में सक्रिय किया गया। वहीं नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक (आईएएस) ने स्वयं महानगर के विभिन्न क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर जल निकासी व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
बारिश शुरू होते ही नगर निगम की टीमों ने जलभराव की आशंका वाले स्थानों, पुलियों और नालों की निगरानी शुरू कर दी। निरीक्षण के दौरान जहां कूड़ा-कचरा अथवा अन्य अवरोधों के कारण पानी के बहाव में बाधा मिली, वहां टीमों ने तत्काल पहुंचकर सफाई कराई और जल निकासी को सुचारू कराया। लगातार तेज बारिश के कारण कुछ निचले इलाकों में पानी जमा होने की स्थिति भी सामने आई, जहां निगम की टीमें लगातार निगरानी करते हुए पानी की निकासी के लिए कार्य करती रहीं।
अधिकारियों को मौके पर मौजूद रहने के निर्देश
नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने आवंटित क्षेत्रों में मौजूद रहकर संवेदनशील स्थानों पर लगातार नजर रखें। जल निकासी में कहीं भी बाधा दिखाई देने पर उपलब्ध संसाधनों का तत्काल उपयोग करते हुए समस्या का समाधान कराया जाए, ताकि बारिश के दौरान नागरिकों को यथासंभव असुविधा का सामना न करना पड़े। नगर आयुक्त के निर्देशन में अपर नगर आयुक्त अतुल कुमार, आशुतोष राय एवं अजीत कुमार सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेंद्र सिंह, सहायक नगर आयुक्त रामवीर सिंह एवं विशाल सिंह तथा संयुक्त नगर आयुक्त निशा मिश्रा सहित क्षेत्रीय सफाई एवं खाद्य निरीक्षक और अवर अभियंता अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं की निगरानी करते रहे। भारी बारिश के बीच भी निगम के अधिकारी और कर्मचारी पुलियों एवं नालों में आए अवरोधों को हटाने तथा जल निकासी व्यवस्था बनाए रखने में जुटे रहे।
जर्जर भवनों पर भी निगम की पैनी नजर
लगातार बारिश को देखते हुए नगर निगम ने पुराने, क्षतिग्रस्त एवं जर्जर भवनों के विरुद्ध भी विशेष अभियान जारी रखा। बारिश के कारण कमजोर भवनों अथवा उनके क्षतिग्रस्त हिस्सों के गिरने से संभावित हादसों को रोकने के लिए निर्माण विभाग की टीम ने महानगर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थलीय निरीक्षण किया। नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक के निर्देशानुसार एवं अपर नगर आयुक्त तृतीय अजीत कुमार सिंह के नेतृत्व में टीम ने जोखिमयुक्त भवनों को चिन्हित करते हुए उनकी वर्तमान स्थिति का जायजा लिया। संबंधित संपत्ति स्वामियों को नियमानुसार नोटिस जारी एवं चस्पा किए गए तथा भवनों की सुरक्षा के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए। जहां भवन अथवा उसके किसी हिस्से से जनसुरक्षा को खतरा प्रतीत हुआ, वहां संभावित दुर्घटना को रोकने के लिए बैरिकेडिंग, सीलिंग सहित अन्य आवश्यक सुरक्षात्मक कार्रवाई की गई। निगम का उद्देश्य संभावित हादसे को होने से पहले रोकना तथा आम नागरिकों के आवागमन वाले क्षेत्रों को सुरक्षित रखना है।
बापू छात्रावास में जर्जर भवन चिन्हित
विशेष अभियान के दौरान वार्ड संख्या 42, बनबटा गंज स्थित बापू छात्रावास में श्री विद्या कुमारी पत्नी गोपाल चंद मदान के जर्जर भवन को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई की गई। नगर निगम द्वारा भवन स्वामियों को निर्देशित किया गया है कि जर्जर एवं क्षतिग्रस्त भवनों की सुरक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। भवन की स्थिति अत्यधिक खराब होने पर नियमानुसार आवश्यक मरम्मत, सुधार अथवा अन्य सुरक्षात्मक उपाय किए जाएं।
बारिश में जर्जर भवनों की होगी लगातार निगरानी
नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लगातार हो रही बारिश को देखते हुए महानगर में स्थित पुराने एवं जर्जर भवनों का नियमित स्थलीय निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए। संभावित रूप से खतरनाक भवनों को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर संबंधित संपत्ति स्वामियों को नियमानुसार नोटिस जारी किए जाएं। जनसुरक्षा की दृष्टि से तत्काल आवश्यकता वाले स्थानों पर बिना विलंब सीलिंग, बैरिकेडिंग एवं अन्य सुरक्षात्मक उपाय किए जाएं।
नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि नागरिकों की सुरक्षा से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा और जर्जर भवनों की निगरानी एवं आवश्यक कार्रवाई का अभियान लगातार जारी रहेगा।
पार्कों में भी चला विशेष सफाई अभियान
बारिश के बीच नगर निगम के उद्यान विभाग ने भी महानगर के पार्कों की साफ-सफाई के लिए विशेष अभियान चलाया। अभियान के दौरान पार्कों में घास की कटिंग कराई गई तथा कूड़ा-कचरा एवं अन्य अपशिष्ट हटाकर पार्कों को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित बनाया गया। इसके साथ ही पेड़-पौधों की नियमित देखरेख, सिंचाई एवं संरक्षण से संबंधित कार्य भी किए गए। निगम के अनुसार, शहर को स्वच्छ, हरा-भरा और सुंदर बनाए रखने के उद्देश्य से पार्कों एवं हरित क्षेत्रों में इस प्रकार के विशेष अभियान निरंतर जारी रहेंगे।
बारिश के दौरान संसाधनों के साथ मैदान में निगम की टीमें
नगर निगम द्वारा जलभराव, जर्जर भवनों और साफ-सफाई से संबंधित कार्यों के लिए उपलब्ध संसाधनों का आवश्यकता के अनुसार उपयोग किया जा रहा है। क्षेत्रीय टीमों को जलभराव संबंधी सूचना प्राप्त होते ही तत्काल कार्रवाई करने तथा संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। मूसलाधार बारिश के बीच नगर निगम के विभिन्न विभागों की टीमें मैदान में सक्रिय रहकर जल निकासी, जनसुरक्षा और स्वच्छता व्यवस्था को बनाए रखने में जुटी हुई हैं।
