मिशन शक्ति में सुलतानपुर पुलिस की नई पहल, छात्राओं के फीडबैक से चिन्हित होंगे शोहदों के अड्डेय रेड कार्ड के बाद दोबारा हरकत पर होगी कड़ी कार्रवाई
सुलतानपुर। महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर सुलतानपुर पुलिस ने मिशन शक्ति के तहत नई पहल शुरू करने का निर्णय लिया है। अब छात्राओं और महिलाओं से मिले फीडबैक के आधार पर उन स्थानों को चिन्हित किया जाएगा, जहां शोहदों और मनचलों का जमावड़ा रहता है या छात्राओं से छींटाकशी और अभद्र टिप्पणियां की जाती हैं। ऐसे स्थानों पर एंटी रोमियो स्क्वाड की सक्रियता बढ़ाई जाएगी।
पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल के निर्देशन में जनपदीय पुलिस की ओर से इस अभिनव प्रयोग को लागू किया जा रहा है। इसके तहत जिले की सभी एंटी रोमियो स्क्वाड टीमें अपने-अपने क्षेत्रों में स्कूल, कॉलेज, आंगनबाड़ी केंद्रों समेत अन्य संस्थानों में पहुंचेंगी। यहां छात्राओं को फीडबैक फॉर्म उपलब्ध कराकर उनसे सुरक्षा संबंधी सुझाव लिए जाएंगे।
छात्राओं से प्राप्त फीडबैक के आधार पर शोहदों के जमावड़े वाले स्थानों को थाना स्तर पर चिन्हित किया जाएगा। इन स्थानों की मैपिंग कर एंटी रोमियो टीमों को जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। इससे पुलिस को यह पता चल सकेगा कि किन दुकानों, मॉल, पार्कों, गली-मोहल्लों और स्कूल-कॉलेजों के आसपास मनचलों की गतिविधियां अधिक रहती हैं।
चिन्हित स्थानों और समय के अनुसार एंटी रोमियो स्क्वाड की गश्त और निगरानी बढ़ाई जाएगी। पुलिस का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना ही नहीं, बल्कि छात्राओं और महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण तैयार करना भी है।
फीडबैक के आधार पर चिन्हित स्थानों पर कार्रवाई के दौरान मनचलों को पकड़े जाने पर उन्हें रेड कार्ड देकर अंतिम चेतावनी दी जाएगी। रेड कार्ड पाने वाले व्यक्ति का नाम, पता और अन्य आवश्यक विवरण निर्धारित प्रारूप में दर्ज किया जाएगा। यह रिकॉर्ड भविष्य की कार्रवाई के लिए सुरक्षित रखा जाएगा।
पुलिस के अनुसार, रेड कार्ड दिए जाने के बाद यदि संबंधित व्यक्ति दोबारा छात्राओं या महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार, छींटाकशी या किसी अन्य आपत्तिजनक गतिविधि में संलिप्त पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि छात्राओं और महिलाओं से फीडबैक लेने का उद्देश्य उन स्थानों की पहचान करना है, जहां मनचले लड़कों का जमावड़ा रहता है। मिशन शक्ति अभियान में बालिकाओं और महिलाओं की सीधी भागीदारी बढ़ाकर पुलिस उनकी सुरक्षा व्यवस्था को और प्रभावी बनाना चाहती है।
उन्होंने कहा कि छात्राओं को अपनी समस्या बताने में किसी प्रकार का संकोच नहीं करना चाहिए। उनकी ओर से दिए गए सुझावों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस आवश्यक कदम उठाएगी।
सभी राजपत्रित अधिकारी और थाना प्रभारी अलग-अलग स्कूल, कॉलेज और संस्थानों में पहुंचकर छात्राओं को महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक करेंगे। इस दौरान 1090 वीमेन पावरलाइन, डायल 112 और एंटी रोमियो स्क्वाड की भूमिका एवं सहायता लेने के तरीकों की जानकारी दी जाएगी।
पुलिस की इस पहल का उद्देश्य छात्राओं में सुरक्षा का भरोसा बढ़ाने के साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के प्रति होने वाली छेड़छाड़ और अभद्र व्यवहार पर प्रभावी अंकुश लगाना है।
