जामो: जब जनप्रतिनिधियों ने फेरी पीठ, तब रीता सिंह के धरने से हिला बिजली विभाग - अंधेरे से जूझ रहे गांवों में लौटी रोशनी, प्रशासन को झुकना पड़ा
September 13, 2026
जामो/अमेठी। जनपद अमेठी में बिजली की समस्या से जनता त्राहि-त्राहि कर रही थी। रोस्टिंग के नाम पर दिन में कई-कई बार और रात में बार-बार अघोषित विद्युत कटौती की जा रही थी। शाम होते ही पूरा ग्रामीण क्षेत्र अंधेरे में डूब जाता था, जिससे छात्रों की पढ़ाई, महिलाओं का भोजन बनाना और आम लोगों का भोजन करना तक मुश्किल हो गया था। ग्रामीण क्षेत्रों में सबसे अधिक परेशानी लोगों को झेलनी पड़ रही थी। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस गंभीर जन समस्या के समय जनपद के सांसद, विधायक, प्रमुख सहित अन्य पदाधिकारी इस समस्या को नजरअंदाज कर रहे थे और जनता बहुत परेशान थी। ऐसे समय में रीता सिंह जन कल्याण समिति (रजि. नं. 1016) की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती रीता सिंह ने जनता की आवाज बनकर इस मामले को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने जन समस्या को लेकर 132 के.वी. पावर हाउस, गौरीगंज पर दिनांक 08/09/2026 से लगातार धरना-प्रदर्शन आंदोलन शुरू किया। इस संबंध में उन्होंने गौरीगंज की उप जिलाधिकारी दीक्षा श्रीवास्तव के माध्यम से उच्चाधिकारियों को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में मांग की गई कि अघोषित विद्युत कटौती बंद की जाए, लापरवाह ट्रांसमिशन पर विधिक कार्यवाही की जाए और शाम के समय ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। ग्रामीणों का कहना है कि रीता सिंह ने इस मामले को उठाकर लोगों के लिए बहुत अच्छा काम किया है, जिसकी जितनी सराहना की जाए वह कम है। रीता सिंह द्वारा शुरू किए गए आंदोलन का सकारात्मक परिणाम सामने आया है और वर्तमान में विद्युत व्यवस्था में सुधार देखने को मिल रहा है। सुधार को देखते हुए आज श्रीमती सिंह ने धरना समाप्त करने की घोषणा की है। एक प्रश्न के उत्तर में राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती रीता सिंह ने बताया कि ष्यदि विद्युत कटौती में सुधार नहीं हुआ तो फिर से धरना-प्रदर्शन आंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी सारी जिम्मेदारी विद्युत विभाग और जिला प्रशासन की होगी।
