बीसलपुर। क्षेत्र के मिघौना गांव में कटना नदी का तेज कटान अब दलित बस्ती के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है। सोमवार सुबह नदी के कटाव की चपेट में आने से एक मकान की पक्की नींव नदी में समा गई। घटना के बाद बस्ती में रहने वाले ग्रामीणों में दहशत फैल गई है।
ग्रामीणों के मुताबिक कटना नदी लगातार गांव की ओर कटान कर रही है। हालात यह हैं कि नदी की तलहटी और बस्ती में बने मकानों के बीच अब करीब 10 फीट का ही फासला रह गया है। यदि कटान इसी गति से जारी रहा तो कई अन्य मकान भी इसकी चपेट में आ सकते हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों को मामले की जानकारी दे दी, लेकिन सूचना के बावजूद सोमवार तक लेखपाल या अन्य संबंधित अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। इससे ग्रामीणों में नाराजगी भी है।ग्रामीण केशव शरण ने कहा कि कटान की सूचना अधिकारियों को दी जा चुकी है, लेकिन अभी तक कोई अधिकारी मौके पर नहीं आया। उन्होंने आशंका जताई कि यदि नदी का कटान इसी तरह जारी रहा तो गांव में बड़ी त्रासदी हो सकती है।वहीं ग्रामीण बिटोली देवी ने बताया कि घर के बिल्कुल नजदीक कटना नदी कटान कर रही है और जलस्तर भी बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि रात के समय परिवार की सुरक्षा को लेकर डर बना रहता है और भय के कारण ठीक से नींद भी नहीं आती।ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने तथा कटान रोकने के लिए युद्धस्तर पर बचाव कार्य शुरू कराने की मांग की है। इस संबंध में एसडीएम नागेंद्र पांडे ने बताया कि मामले की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दे दी गई है।
