पीलीभीत। जनपद में लगातार चरमराती विद्युत व्यवस्था को लेकर अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल ने सरकार का ध्यान आकर्षित किया है। संगठन के जिलाध्यक्ष अनूप अग्रवाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को विस्तृत पत्र भेजकर बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जिले में अघोषित बिजली कटौती और बार-बार आने वाले तकनीकी फॉल्ट से आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ व्यापारी वर्ग भी गंभीर परेशानियों का सामना कर रहा है, लेकिन सबसे चिंताजनक स्थिति यह है कि शिकायत करने पर जिम्मेदार अधिकारी तक उपलब्ध नहीं हो रहे।
अनूप अग्रवाल ने कहा कि जिले में बिजली आपूर्ति का कोई निश्चित क्रम दिखाई नहीं दे रहा। दिन और रात में कई बार आपूर्ति बाधित होने से बाजारों की गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं। दुकानों, प्रतिष्ठानों और छोटे उद्योगों का काम रुक-रुककर चल रहा है। बिजली की आंख-मिचैली से व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है, जबकि उपभोक्ताओं को भी भारी असुविधा झेलनी पड़ रही है।उन्होंने आरोप लगाया कि जब बिजली आपूर्ति ठप होने या फॉल्ट की शिकायत दर्ज कराने के लिए विभागीय अधिकारियों से संपर्क किया जाता है तो अधिकांश मामलों में फोन रिसीव नहीं किए जाते। कई बार उपभोक्ता घंटों तक संपर्क करने का प्रयास करते रहते हैं, लेकिन समस्या का समाधान समय पर नहीं हो पाता। इससे लोगों का विभाग के प्रति विश्वास लगातार कम होता जा रहा है।मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में व्यापार मंडल ने मांग की है कि पीलीभीत की विद्युत व्यवस्था का तत्काल मूल्यांकन कर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जाएं। साथ ही सभी जिम्मेदार अधिकारियों को निर्देशित किया जाए कि वे उपभोक्ताओं की शिकायतों का तय समय सीमा में निस्तारण करें और अपने सरकारी मोबाइल हर समय चालू रखें। संगठन ने यह भी मांग की है कि शिकायतों की अनदेखी करने और फोन न उठाने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों की जवाबदेही तय कर उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।जिलाध्यक्ष अनूप अग्रवाल ने कहा कि व्यापार मंडल केवल व्यापारियों की नहीं, बल्कि हर उस उपभोक्ता की आवाज उठा रहा है जो रोजाना बिजली संकट से जूझ रहा है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते हालात नहीं सुधरे तो संगठन व्यापक जनसमर्थन के साथ आंदोलन की रूपरेखा तैयार करेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग की होगी। इस मौके पर जिला महामंत्री विनीत अग्रवाल, नगर अध्यक्ष संजय अग्रवाल तथा अंकुर अग्रवाल ने भी जिले की विद्युत व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग करते हुए कहा कि उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली उपलब्ध कराना और शिकायतों का त्वरित समाधान करना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। व्यापार मंडल ने उम्मीद जताई है कि मुख्यमंत्री स्तर से हस्तक्षेप के बाद जिले की बदहाल बिजली व्यवस्था में सुधार होगा और लोगों को राहत मिलेगी।
