Type Here to Get Search Results !
BREAKING NEWS
ऑनलाइन भुगतान करें
Pay Now

रुद्रपुर: खटारा कूड़ा वाहनों.के भरोसे नैनीताल की सफाई?! फिटनेस और आरसी अवधि पूरी होने के बावजूद सड़कों पर दौड़ रहे वाहन, 21 माह के टेंडर पर भी उठे सवाल


नैनीताल। सरोवर नगरी नैनीताल की सफाई व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। इस बार चर्चा शहर में कूड़ा उठाने वाले वाहनों की स्थिति को लेकर है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर पालिका के लिए कार्य कर रहे कई वाहन वर्षों पुराने हैं और उनमें से कई की फिटनेस अवधि तथा पंजीकरण की वैधता समाप्त हो चुकी है। इसके बावजूद ये वाहन शहर की सड़कों पर लगातार संचालित किए जा रहे हैं।

सूत्रों का दावा है कि कुछ वाहन 17 से 18 वर्ष पुराने हैं और उनकी फिटनेस अवधि समाप्त हो चुकी है। यदि ऐसा है तो यह केवल प्रशासनिक लापरवाही का प्रश्न नहीं, बल्कि सार्वजनिक सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ा गंभीर विषय भी बन जाता है। पर्यटन नगरी होने के कारण प्रतिदिन हजारों पर्यटक और स्थानीय लोग इन्हीं सड़कों का उपयोग करते हैं। ऐसे में पुराने और तकनीकी रूप से अनुपयुक्त वाहनों का संचालन किसी भी समय दुर्घटना का कारण बन सकता है।

इस मुद्दे को लेकर भी शहर के नागरिकों ने पहले धरना-प्रदर्शन किया था और प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया था। उनका कहना था कि जब वाहनों की स्थिति पर सवाल उठ रहे थे, तब पहले सफाई व्यवस्था के लिए नए और मानक अनुरूप वाहन उपलब्ध कराए जाने चाहिए थे।

स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि नगर पालिका ने हाल ही में डस्टबिन खरीद पर लगभग 1.65 करोड़ रुपये खर्च किए, जबकि दूसरी ओर सफाई व्यवस्था में लगे पुराने वाहनों को बदलने की दिशा में अपेक्षित कदम दिखाई नहीं दिए। यही कारण है कि नगर पालिका की प्राथमिकताओं पर भी सवाल उठ रहे हैं।

सूत्रों के अनुसार कूड़ा परिवहन का ठेका 21 माह के लिए दिया गया है, जबकि पहले यह अवधि एक वर्ष की होती थी। नागरिकों का कहना है कि यदि लंबे समय के लिए अनुबंध दिया गया है तो यह सुनिश्चित करना भी उतना ही आवश्यक है कि अनुबंध के तहत संचालित सभी वाहन वैध फिटनेस प्रमाणपत्र, पंजीकरण और परिवहन नियमों का पूरी तरह पालन कर रहे हों।

अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि रिकॉर्ड में कुछ वाहनों की फिटनेस और आरसी अवधि समाप्त दिखाई दे रही है तो ऐसे वाहनों का संचालन किस आधार पर जारी है? क्या नगर पालिका ने इसकी नियमित जांच कराई है, या फिर यह पूरा मामला प्रशासनिक समीक्षा की मांग करता है?

जनता पूछ रही है ये सवाल-यदि सफाई व्यवस्था में लगे कुछ वाहनों की फिटनेस और पंजीकरण की अवधि समाप्त हो चुकी है, तो उनकी निगरानी की जिम्मेदारी किसकी है? क्या नगर पालिका ने समय-समय पर इन वाहनों का सत्यापन कराया? और यदि कराया, तो फिर पुराने वाहन अब तक सड़कों पर क्यों दौड़ रहे हैं? इन्हीं सवालों के जवाब का इंतजार अब शहरवासी कर रहे हैं।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Design by - Blogger Templates |