Type Here to Get Search Results !
BREAKING NEWS
ऑनलाइन भुगतान करें
Pay Now

अमेठीः एक साल बाद भी पूरा नहीं हो सका 14 लाख का गोवंश आश्रय का निर्माण, आवारा पशुओं से किसान बेहाल


घटिया निर्माण के आरोप- छह गांवों की फसलें बर्बाद, ग्रामीणों ने जांच और तत्काल संचालन की उठाई मांग

अमेठी। विकासखंड अमेठी की ग्राम पंचायत लोहरता के राजस्व गांव सोमपुर मंकठ में करीब 14 लाख रुपये की लागत से निर्माणाधीन गोवंश आश्रय केंद्र निर्माण एक साल बाद भी पूरा नहीं हो सका। पशु आश्रय बंद होने से लोहरता, ताला, दरखा, कुशीतली, उमपुर और गानापाती समेत आसपास के गांवों में आवारा पशुओं का आतंक बढ़ गया है। किसान रातभर खेतों की रखवाली करने को मजबूर हैं, इसके बावजूद गेहूं, धान और सब्जियों की फसल लगातार नुकसान झेल रही है।ग्रामीण सुरेश कुमार ने बताया कि यदि आश्रय केंद्र चालू हो जाता तो आवारा पशुओं की समस्या काफी हद तक कम हो जाती और किसानों की मेहनत बच जाती। रामसुख का आरोप है कि निर्माण के दौरान ही मानकों की अनदेखी की गई थी, लेकिन शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं की। सुनीता देवी ने कहा कि छोटे किसानों की आजीविका पूरी तरह खेती पर निर्भर है, ऐसे में हर सीजन फसल बर्बाद होने से आर्थिक संकट गहरा रहा है। वहीं छोटे ने निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर कार्रवाई और पशु आश्रय को तत्काल शुरू कराने की मांग की।ग्रामीणों का आरोप है कि फर्श निर्माण में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया। केवल ईंटें बिछाकर ऊपर सीमेंट का घोल डाल दिया गया, जिससे निर्माण शुरू से ही सवालों के घेरे में रहा। कई बार अधिकारियों से शिकायत और समाचार पत्रों में मामला प्रकाशित होने के बावजूद कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। किसानों ने प्रशासन से जल्द आश्रय केंद्र संचालित कर आवारा पशुओं की समस्या से राहत दिलाने की मांग की।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Design by - Blogger Templates |