पीलीभीत। जनपद के थाना सेहरामऊ उत्तरी क्षेत्र के महुआ गुंदे गांव में गन्ने के खेत में सिंचाई कर रहे 38 वर्षीय मजदूर की हाईटेंशन विद्युत लाइन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना की जांच भी शुरू कर दी गई है।जानकारी के अनुसार, महुआ गुंदे गांव निवासी विकास शुक्ला (38) पुत्र ओमप्रकाश शुक्ला गांव के ही नन्हू अवस्थी के गन्ने के खेत में सिंचाई का कार्य कर रहे थे। इसी दौरान खेत के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइन का तार अचानक टूटकर विकास के ऊपर गिर गया। तेज करंट लगने से वह गंभीर रूप से झुलस गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर एकत्र हो गए।
विकास शुक्ला की असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। मृतक अपने पीछे पत्नी राखी और छह वर्षीय पुत्र आदित्य को छोड़ गए हैं। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में मातम का माहौल बना हुआ है।
घटना की जानकारी मिलते ही पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और उन्हें हर संभव सहयोग का भरोसा दिलाया। विधायक ने अधिकारियों से घटना की जानकारी ली तथा पीड़ित परिवार को शासन स्तर से मिलने वाली आर्थिक सहायता शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस दुख की घड़ी में सरकार और प्रशासन पूरी तरह पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है तथा हरसंभव मदद सुनिश्चित कराई जाएगी।
ग्रामीणों ने भी विद्युत विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए जर्जर विद्युत लाइनों की समय पर मरम्मत न होने का आरोप लगाया। लोगों का कहना है कि यदि बिजली विभाग समय रहते लाइन की देखरेख करता तो यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था। ग्रामीणों ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई और मृतक के परिवार को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की है।
