लखनऊ। राजधानी लखनऊ में शुक्रवार (26 जून 2026) की सुबह अग्निकांड की दो अलग-अलग घटनाओं से हड़कंप मच गया। पहली घटना कानपुर रोड स्थित लोकबंधु अस्पताल परिसर की है, जहाँ संचालित आशा ज्योति केंद्र (वन स्टॉप सेंटर) में आग लग गई। वहीं दूसरी घटना अमीनाबाद के प्रसिद्ध गड़बड़झाला मार्केट की है, जहाँ एक दुकान में भीषण आग लग गई। मुख्य अग्निशमन अधिकारी (ब्थ्व्) लखनऊ के निर्देशन में फायर सर्विस की टीमों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों ही जगहों पर आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। राहत की बात यह रही कि दोनों हादसों में कोई जनहानि नहीं हुई।
सुबह करीब 5.50 बजे फायर स्टेशन आलमबाग को सूचना मिली कि लोकबंधु हॉस्पिटल में संचालित आशा ज्योति केंद्र (वन स्टॉप सेंटर) में आग लग गई है। सूचना मिलते ही प्रभारी अग्निशमन अधिकारी आलमबाग, श्री धर्मपाल सिंह के नेतृत्व में दो फायर टैंकर मय यूनिट तुरंत मौके के लिए रवाना हुए।
जब दमकल टीम मौके पर पहुंची, तो आग आशा ज्योति केंद्र के मुख्य विद्युत बोर्ड (विद्युत पैनल) में लगी थी। अस्पताल के अग्निशमन कर्मी पहले से ही अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास कर रहे थे। फायर सर्विस के जवानों ने तुरंत हौज पाइप फैलाकर मोर्चा संभाला और आग को पूरी तरह से बुझा दिया। इस अग्निकांड में केंद्र का विद्युत पैनल और फॉल सीलिंग जलकर राख हो गई, लेकिन समय रहते आग पर काबू पा लेने से शेल्टर होम में मौजूद लोग सुरक्षित बच गए।
इससे ठीक कुछ मिनट पहले, सुबह करीब 5रू38 बजे हजरतगंज फायर स्टेशन कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि अमीनाबाद के गड़बड़झाला स्थित श्सिंगार महलश् (शॉप नंबर 81) में आग लग गई है। यह दुकान सिद्दीकी खान की बताई जा रही है।
सूचना पर मुख्य अग्निशमन अधिकारी के निर्देशन में अग्निशमन अधिकारी हजरतगंज के नेतृत्व में फायर सर्विस यूनिट अमीनाबाद और हजरतगंज स्टेशन से दो फायर टेंडर तुरंत मौके पर पहुंचे। दुकान का शटर बंद था और अंदर से आग की लपटें उठ रही थीं। आग दुकान के एसी में लगी थी। दमकल कर्मियों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत शटर का ताला काटा और मोटर फायर इंजन से पंपिंग शुरू कर आग को पूरी तरह शांत किया। समय रहते कार्रवाई होने से बाजार की अन्य दुकानें चपेट में आने से बच गईं।
शुरुआती जांच के अनुसार, दोनों ही घटनाओं की वजह शॉर्ट सर्किट और बिजली उपकरणों में आई खराबी मानी जा रही है। फायर सर्विस की त्वरित कार्रवाई और अस्पताल स्टाफ की सजगता के चलते सुबह-सुबह होने वाले ये दो बड़े हादसे टल गए और किसी भी व्यक्ति को आंच नहीं आई। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि गर्मी के मौसम में ओवरलोडिंग और शॉर्ट सर्किट से बचने के लिए बिजली के उपकरणों की नियमित जांच कराते रहें।
