लखनऊ। स्वच्छता और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में लखनऊ ने एक बार फिर अपनी उपलब्धियों से देशभर में पहचान बनाई है। पहले से ही जीरो नेट वेस्ट सिटी के रूप में स्थापित लखनऊ अब अन्य राज्यों के लिए लर्निंग हब बनता जा रहा है। इसी क्रम में रीजनल सेंटर फॉर अर्बन एंड एनवायरमेंटल स्टडीज द्वारा क्लीन सिटीज एंड सैनिटेशन अचीवमेंट के अंतर्गत लखनऊ में दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत छत्तीसगढ़ राज्य से आए विभिन्न नगर निगमों के इंजीनियरों सहित कुल 36 अधिकारियों को लखनऊ नगर निगम के शिवरी वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का भ्रमण कराया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य लखनऊ में सफलतापूर्वक लागू किए गए वैज्ञानिक वेस्ट मैनेजमेंट मॉडल को अन्य शहरों तक पहुंचाना रहा, ताकि वे भी अपने-अपने नगरीय क्षेत्रों में इसे अपनाकर स्वच्छता के स्तर को बेहतर बना सकें।
प्रशिक्षण दल का नेतृत्व त्ब्न्म्ै की जॉइंट डायरेक्टर डॉ. अंजुली मिश्रा एवं डॉक्यूमेंटेशन एक्सपर्ट मिस प्रियंशा सिंह द्वारा किया गया। उन्होंने बताया कि लखनऊ नगर निगम द्वारा अपनाई गई कार्यप्रणाली आज देश के कई शहरों के लिए उदाहरण बन चुकी है, यही कारण है कि अब बाहर के राज्यों से अधिकारी यहां आकर प्रत्यक्ष रूप से सीख रहे हैं।
लखनऊ नगर निगम की ओर से यह संपूर्ण व्यवस्था नगर आयुक्त गौरव कुमार के निर्देशन तथा अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव के मार्गदर्शन में संचालित की जा रही है। शिवरी प्लांट के दौरे के दौरान पर्यावरण अभियंता श्री संजीव प्रधान एवं एसएफआई जितेंद्र वर्मा ने प्रशिक्षणार्थियों को प्लांट की तकनीकी विशेषताओं, उपलब्धियों और संचालन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी।
अधिकारियों को बताया गया कि लखनऊ में फ्रेश वेस्ट का डंपिंग पूरी तरह बंद है और प्रतिदिन निकलने वाले कचरे का वैज्ञानिक तरीके से प्रोसेसिंग व रिसाइक्लिंग की जा रही है। साथ ही वर्षों से जमा लेगेसी वेस्ट के निस्तारण में भी लखनऊ ने उल्लेखनीय सफलता हासिल की है।
गौरतलब है कि शिवरी डंप साइट पर कभी 18.5 लाख मैट्रिक टन से अधिक लेगेसी वेस्ट जमा था। नगर निगम की ठोस रणनीति और सतत प्रयासों के चलते महज एक वर्ष के भीतर लगभग 17.5 लाख मैट्रिक टन कचरे का सफलतापूर्वक निस्तारण और रिसाइक्लिंग किया जा चुका है। यह उपलब्धि लखनऊ को न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि देश के अग्रणी स्वच्छ शहरों में स्थापित करती है।
प्रशिक्षण में शामिल अधिकारियों ने लखनऊ नगर निगम के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यहां अपनाया गया मॉडल उनके शहरों में भी लागू किया जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, जीरो नेट वेस्ट सिटी के रूप में लखनऊ की पहचान अब राष्ट्रीय स्तर पर एक आदर्श बन चुकी है, जिससे अन्य नगर निकाय प्रेरणा ले रहे हैं।
