सोनभद्र। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) अनिल कुमार एवं क्षेत्राधिकारी ओबरा अमित कुमार के कुशल मार्गदर्शन में आगामी त्यौहार एवं गणतंत्र दिवस के दृष्टिगत वांछित/वारंटी अभियुक्तों की गिरफ्तारी एवं संदिग्ध व्यक्तियों की चेकिंग हेतु एसओजी टीम एवं थाना हाथीनाला पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। चेकिंग के दौरान मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि एक आयशर डीसीएम वाहन संख्या TG-13-T-1226, जो उड़ीसा की ओर से शीशा लादकर आ रहा है, उसमें गांजा छिपाकर ले जाया जा रहा है। उक्त सूचना पर पुलिस टीम द्वारा हथवानी मोड़, थाना हाथीनाला क्षेत्र के अंतर्गत घेराबंदी कर चेकिंग की जाने लगी।कुछ समय पश्चात रेनुकूट की ओर से उक्त वाहन आते दिखाई देने पर रुकने का संकेत दिया गया। वाहन रुकते ही उसमें सवार व्यक्ति भागने का प्रयास करने लगे, जिन्हें तत्परता दिखाते हुए पुलिस टीम द्वारा मौके पर ही दबोच लिया गया। वाहन की विधिवत तलाशी लेने पर उसके अंदर शीशे की बोरियों के बीच छिपाकर रखी गई 19 प्लास्टिक बोरियों में कुल 442.500 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 01 करोड़ 10 लाख रुपये है।
बरामदगी एवं गिरफ्तारी के आधार पर थाना हाथीनाला पर मु0अ0सं0-04/2026, धारा 8/20/29/60 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत कर अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।
अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि वाहन में शीशे की बोरियों के बीच गांजा छिपाकर ले जाया जा रहा था। गाड़ी मालिक द्वारा हैदराबाद से वारदाना (जूट बोरा) लदवाकर भुवनेश्वर भेजा गया था। दिनांक 03.01.2026 को वाहन खाली होने के बाद गाड़ी मालिक के निर्देश पर भुवनेश्वर से आगे खुर्दा स्थित मदीना होटल पर रुकने को कहा गया। दिनांक 06.01.2026 को एक अन्य व्यक्ति वाहन लेकर आया और बताया कि शीशे के साथ अन्य सामान भी लोड है। शीशे की बिल्टी देकर उन्हें फिरोजाबाद के लिए रवाना किया गया। दिनांक 08.01.2026 की रात्रि में फोन से बताया गया कि आगरा के बाद फिरोजाबाद जाना है। गांजे का भुगतान प्रायः ऑनलाइन किया जाता था तथा कभी-कभी नकद भी दिया जाता था।
