लखनऊः किसानों को एक समान जमीन के रेट ना मिलने पर किसानों ने की महापंचायत, जताईं नाराजगी! किसान महापंचायत में कई किसानों ने जमीन के रेट में भेदभाव का लगाया आरोप
January 30, 2026
लखनऊ। लखनऊ जिले एलडीए की नैमिष नगर योजना के अंतर्गत भूमि अधिग्रहण में कथित भारी असमानता के विरोध में शुक्रवार को प्रभावित किसानों का आक्रोश सड़क पर दिखाई दिया। लगभग दस (10) ग्राम सभाओं के किसानों ने किसान महापंचायत कर प्रशासन पर खुला भेदभाव करने का आरोप लगाया और तहसीलदार हेमचंद्र तिवारी को ज्ञापन सौंपकर सभी ग्रामों के लिए समान सर्किल रेट पर मुआवजा तय करने की मांग की है। किसानों का कहना है कि नैमिष नगर योजना, क्षेत्र, भूमि की प्रकृति और उपयोग एक समान होने के बावजूद प्रशासन ने मुआवजा निर्धारण में दोहरा मापदंड अपनाया है, जहां 8 ग्राम सभाओं के लिए 1 करोड़ 25 लाख का सर्किल मूल्य तय किया गया,तो वहीं 10 ग्राम सभाओं के किसानों को केवल 81 लाख देकर खुली असमानता बरती गई हैं। किसानों ने इसे संविधान के अनुच्छेद 14 (समानता का अधिकार) और भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन अधिनियम 2013 का स्पष्ट उल्लंघन बताया है। वही किसान महापंचायत में वक्ताओं ने कहा कि किसान विकास के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन समान भूमि के लिए समान मुआवजा उनका कानूनी और संवैधानिकअधिकार है। पिछले 6दृ7 महीनों से किसान संबंधित विभागों और अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं, परंतु अब तक न तो कोई ठोस निर्णय हुआ और न ही कोई लिखित जवाब दिया गया। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र न्यायोचित निर्णय नहीं लिया गया तो जल्द ही नैमिष नगर योजना कार्यालय के सामने शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया जायेगा। आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक और कानून के दायरे में रहेगा, लेकिन इसके लिए प्रशासन स्वयं जिम्मेदार होगा। तहसीलदार हेमचंद्र तिवारी ने ज्ञापन स्वीकार करते हुए मामले को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने और नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। इस दौरान सैरपुर थाना प्रभारी मनोज कुमार कोरी मय पुलिस बल मौजूद रहे। किसान महापंचायत में भानु रावत, आनंद त्रिपाठी, भानु लोधी, मंसाराम वर्मा, राजन पांडेय, हरिओम लोधी, लल्लन राजपूत, शिवपाल लोधी, अभिमन्यु द्विवेदी, अवध बिहारी मिश्रा, शिव बिहारी मिश्रा, भगौती रावत, विनोद प्रजापति, राहुल सिंह, खुशीराम यादव अन्य किसान मौजूद थे।
