Type Here to Get Search Results !
BREAKING NEWS

पीलीभीतः स्वामी प्रवक्तानंद महाराज का जन्मदिनरू उत्सव से आगे बढ़कर बना सेवा और सद्भाव का प्रतीक! आश्रम परिसर में उमड़ा जनसैलाब, मुख्यमंत्री से लेकर जनपद के तमाम नेताओं कार्यकर्ताओं ने दी बधाई


पीलीभीत। बरखेड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं महामंडलेश्वर स्वामी प्रवक्तानंद महाराज का जन्मदिन इस बार महज औपचारिक कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि यह सेवा, सद्भाव और जनसेवा का सजीव उदाहरण बन गया। परम अखिल धाम खमरिया पुल स्थित आश्रम परिसर में सुबह से ही भक्तों और कार्यकर्ताओं का तांता लगा रहा। हजारों लोगों ने पहुँचकर फूलमालाओं, अंगवस्त्रों और बुके भेंट कर महामंडलेश्वर का अभिनंदन किया। पूरा वातावरण भक्तिमय रहा। आश्रम परिसर में प्रसाद और भंडारे की व्यवस्था की गई, जिसमें ग्रामीणों और श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

आयोजन में जिले के प्रभारी राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख, भाजपा जिलाध्यक्ष संजीव प्रताप सिंह, विधायक विवेक वर्मा, नौगवां पंचायत अध्यक्षा संदीप कौर, पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष देवेंद्र सिंह चैधरी सहित कई प्रमुख जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।इसके अलावा पूर्व विधायक किशनलाल राजपूत, पूर्व मंत्री हेमराज वर्मा, भाजपा महामंत्री लेखराज भारती, जिला उपाध्यक्ष दिनेश पटेल, सोनू वाल्मीकि और निशक्त जन सेवा संस्थान के अध्यक्ष अमृतलाल जैसे समाजसेवी भी कार्यक्रम में शामिल होकर बधाई देने पहुँचे।

महामंडलेश्वर स्वामी प्रवक्तानंद के जन्मदिन पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और बृजेश पाठक सहित प्रदेश के मंत्रियों ने सोशल मीडिया और फोन के जरिए शुभकामनाएं दीं।

राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने बधाई संदेश साझा किया, वहीं भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष गीता मिश्रा अपनी टीम के साथ आश्रम पहुँचीं। महिला आयोग की सदस्य पुष्पा पांडे ने पुष्प भेंट कर अपनी शुभकामनाएं प्रकट कीं। इसी के साथ जन्मदिन के अवसर पर स्वामी प्रवक्तानंद ने जिला अस्पताल और वृद्धाश्रम जाकर मरीजों और बुजुर्गों का हालचाल लिया। उन्होंने उन्हें फल, बिस्किट और वस्त्र वितरित किए।

उन्होंने कहा “गरीबों और पीड़ितों की सेवा ही मेरे जीवन का मूल उद्देश्य है। जन्मदिन तभी सार्थक है जब उससे समाज को कुछ लाभ पहुँचे।” स्वामी प्रवक्तानंद महाराज का जन्मदिन राजनीति, अध्यात्म और समाजसेवा का संगम बनकर सामने आया। जहाँ समर्थकों और भक्तों की भीड़ उमड़ी, वहीं उन्होंने खुद समाज के कमजोर वर्गों तक पहुँचकर सेवा का संदेश दिया।यह आयोजन दर्शाता है कि उत्सव का वास्तविक महत्व सिर्फ औपचारिकताओं में नहीं, बल्कि साझा जिम्मेदारी और सहयोग की भावना में है।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Design by - Blogger Templates |