सोनभद्र। जनपद न्यायालय परिसर में आगामी 12 सितंबर को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर आयोजित होने वाली इस लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण कराया जाएगा। सिविल जज राहुल कुमार ने जनपदवासियों से राष्ट्रीय लोक अदालत का लाभ उठाने तथा इसकी जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने की अपील की है।
सिविल जज राहुल कुमार ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में दाम्पत्य एवं पारिवारिक विवाद, मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद, चेक बाउंस के मामले, बैंक एवं बैंकिंग संबंधी प्रकरण, मोटर वाहन एवं यातायात संबंधी मामले, लघु वाद, आपराधिक शमनीय वाद तथा विभिन्न प्रकार के सिविल वादों का निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पक्षकार आपसी सहमति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में अपने विवादों का समाधान कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में मुख्य रूप से दो प्रकार के मामलों का निस्तारण किया जाता है। पहला, वे मामले जो न्यायालयों में लंबित हैं और दूसरा, प्री-लिटिगेशन के ऐसे मामले जो अभी न्यायालय में दाखिल नहीं हुए हैं। न्यायालय में लंबित मामलों के पक्षकार यदि आपसी सुलह-समझौते के माध्यम से विवाद का समाधान चाहते हैं तो संबंधित न्यायालय में प्रार्थना-पत्र देकर अपने मामले को राष्ट्रीय लोक अदालत में रखने का अनुरोध कर सकते हैं। इसके बाद दोनों पक्षों की सहमति से समझौते का प्रयास किया जाता है और सहमति बनने पर मामले का निस्तारण कर दिया जाता है।
सिविल जज ने कहा कि लोक अदालत के माध्यम से विवादों का निस्तारण होने पर पक्षकारों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिलती है तथा मामलों का अपेक्षाकृत शीघ्र समाधान हो जाता है। इसके अलावा जिन मामलों में न्याय शुल्क जमा किया गया है, उनके लोक अदालत में निस्तारण के उपरांत नियमानुसार न्याय शुल्क की वापसी का भी प्रावधान है।
उन्होंने जनपद के नागरिकों से अपील की कि वे राष्ट्रीय लोक अदालत में सहयोग करते हुए अपने विवादों का सौहार्दपूर्ण एवं आपसी सहमति से समाधान कराएं तथा इस महत्वपूर्ण आयोजन को सफल बनाने में सहभागिता निभाएं। राहुल कुमार (सिविल जज सी0डी0/सचिव (पूर्ण कालिक) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोनभद्र )
