बारां नगर परिषद चुनाव के बीच बड़ी खबर! वोटिंग के बाद बेटे और पति सहित लापता हुईं भाजपा प्रत्याशी
September 12, 2026
बारां नगर परिषद चुनाव के पहले चरण के मतदान के बाद वार्ड नंबर 16 से सियासी हलचल तेज हो गई है। यहां से भाजपा प्रत्याशी एडवोकेट अंतिमा यादव अपने पति और बच्चे समेत मतदान के बाद से अचानक लापता हो गई हैं। परिजनों की शिकायत पर कोतवाली थाना पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार भाजपा प्रत्याशी अंतिमा यादव और उनके पति संजय यादव दोनों पेशे से अधिवक्ता हैं। 9 सितंबर को पहले चरण का मतदान संपन्न हुआ था। परिजनों का आरोप है कि मतदान के दिन अंबेडकर भवन स्थित मतदान केंद्र पर जनसंपर्क के बाद घर लौटते समय अज्ञात लोगों ने उन्हें जबरन अपने साथ ले लिया। घटना के बाद से ही अंतिमा यादव, उनके पति संजय यादव और उनके 7-8 साल के मासूम बच्चे के तीनों मोबाइल फोन लगातार बंद आ रहे हैं। इससे परिवार में दहशत का माहौल है।
परिजन राजेंद्र यादव ने बताया कि वह खुद मतदान केंद्र पर पोलिंग एजेंट के रूप में तैनात थे। शाम करीब 5 बजे तक अंतिमा बूथ पर ही दिखाई दी थीं। मतदान खत्म होने के बाद जब वह घर नहीं पहुंची तो तलाश शुरू की गई, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद अंतिमा की सास अंगूरी बाई और मां कृष्णा बाई ने कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
इधर, भाजपा संगठन से भी संपर्क टूटने से पार्टी में चिंता बढ़ गई है। भाजपा नगर अध्यक्ष ओपी पारेता ने बताया कि मतदान के बाद पार्टी सभी प्रत्याशियों से फीडबैक लेती है और आवश्यकता पड़ने पर कार्यालय बुलाती है, लेकिन अंतिमा यादव से मतदान के बाद से कोई संपर्क नहीं हो पाया है। परिवार से भी कोई जानकारी नहीं मिली है। पार्टी अपने स्तर पर उनकी तलाश कर रही है। वार्ड 16 में भाजपा की स्थिति मजबूत है और जीत की पूरी उम्मीद है।
वहीं कोतवाली थाना सीआई हीरालाल पुनिया ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आसपास के मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। गौरतलब है कि मतदान के बाद प्रत्याशियों की बाड़ाबंदी की चर्चाओं के बीच भाजपा प्रत्याशी के परिवार समेत लापता होने से कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि यह अपहरण है या इसके पीछे कोई अन्य कारण है।
