स्थानीय निकाय चुनावों में मुख्यमंत्री को रोड शो करने की नौबत क्यों आई-अशोक गहलोत
September 07, 2026
स्थानीय निकाय चुनावों में बीजेपी-कांग्रेस समेत सभी पार्टियां पूरी ताकत झोंक दी है। स्थानीय निकाय चुनावों में रोड शो करने पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने निशाना साधा है। गहलोत ने दावा किया कि जनता नाराज है, इसलिए मुख्यमंत्री को रोड शो करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि नौबत यहां तक क्यों आ गई कि स्थानीय स्वशासन, नगर परिषद या नगर निगम के चुनावों के लिए मुख्यमंत्री को रोड शो करने पड़ रहे हैं? यह कोई अच्छी बात नहीं है। यह उनकी सबसे बड़ी कमजोरी है।
अशोक गहलोत ने कहा कि ''सीएम ने असल में दिखा दिया कि पिछले ढाई साल से सरकार कैसे काम कर रही है। जनता में नाराजगी है। अब घबराहट में वे दिल्ली, महाराष्ट्र और दूसरे राज्यों से मंत्रियों और कई नेताओं को बुला रहे हैं। वे ऐसे लक्ष्यों के साथ क्यों काम कर रहे हैं? इसका मतलब है कि उन्हें एहसास है कि जनता बहुत नाराज है। वे उस गुस्से को शांत करने और लोगों को गुमराह करने के लिए यहां आ रहे हैं। अगर वे यह चुनाव हारते हैं, तो शायद उन्हें होश आए और वे इस बात की चिंता करें कि क्या हो रहा है। तभी उनके हाई कमान, निचले स्तर के नेताओं और यहां तक कि उनकी 'डबल-इंजन' सरकार को भी हालात का एहसास होगा..."।
पूर्व मुख्यमंत्री गहलोत ने दावा किया कि ढाई साल के कार्यकाल के बाद सरकार को जनता की नाराजगी की चिंता सताने लगी है और रोड शो इसी का संकेत है। उन्होंने आरोप लगाया कि टूटी सड़कों और खराब सीवरेज व्यवस्था के कारण शहरों की स्थिति खराब है और कोई विकास कार्य नहीं हो रहा है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार ने 'सारी हदें पार कर दी हैं'। उन्होंने कहा कि चुनाव में भाजपा को झटका मिलने से सरकार को सड़कें सुधारने, पट्टे वितरित करने और विकास कार्य करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
वहीं, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने रविवार को बीजेपी उम्मीदवारों के लिए अजमेर में रोड शो किया। इससे पहले शनिवार को सीएम ने उदयपुर और भीलवाड़ा में भाजपा प्रत्याशियों के समर्थन में रोड शो किए और लोगों से सभी वार्ड में पार्टी उम्मीदवारों को जिताने की अपील की। शर्मा ने कहा कि इससे विकास कार्यों में तेजी आएगी।
