बीसलपुर। पत्नी के साथ ससुराल से घर लौट रहे 42 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का रहस्य पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद भी नहीं खुल सका। पोस्टमार्टम में मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आने पर पुलिस ने मृतक का बिसरा सुरक्षित कर लिया है। अब बिसरा की रासायनिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों की तस्वीर साफ होने की उम्मीद है।
नगर के मोहल्ला दुर्गा प्रसाद निवासी धर्मपाल यादव ने शनिवार कोतवाली पुलिस को सूचना दी थी कि उनके 42 वर्षीय भाई रामवीर की तबीयत खराब थी। परिजनों के अनुसार 27 अगस्त को रामवीर की पत्नी रिंकी उसे उपचार के लिए पीलीभीत लेकर गई थी। अस्पताल में इलाज कराने के बाद रिंकी अपने पति को लेकर अपने मायके गणेशपुर गोटिया चली गई थी। बताया गया कि शनिवार सुबह करीब 10रू35 बजे रिंकी अपने पति रामवीर का शव लेकर घर पहुंची। शव देखकर परिजनों के बीच हड़कंप मच गया। परिवार के लोगों ने शव को देखा तो उसके निजी अंग पर नीले रंग के निशान दिखाई देने की बात कही गई। इसके बाद परिजनों ने युवक की मौत को लेकर संदेह जताते हुए हंगामा किया और मामले की जांच की मांग की। परिजनों की ओर से रामवीर की पत्नी रिंकी पर भी संदेह जताया गया। मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया।
रविवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट पुलिस के पास पहुंची, लेकिन उसमें भी रामवीर की मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आ सका। इसके बाद पुलिस ने मौत की वास्तविक वजह पता लगाने के लिए मृतक का बिसरा सुरक्षित कर लिया है। अब उसे रासायनिक परीक्षण के लिए भेजा जाएगा। प्रभारी निरीक्षक संजीव शुक्ला ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ है। मृतक का बिसरा सुरक्षित कर लिया गया है और उसे रासायनिक परीक्षण के लिए भेजा जाएगा। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों के संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। उधर, मृतक के भाई धर्मपाल ने अपने भाई की मौत के पीछे उसकी भाभी रिंकी के षड्यंत्र की आशंका जताई है। हालांकि पुलिस अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है और मामले की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि बिसरा की रिपोर्ट तथा जांच में सामने आने वाले अन्य तथ्यों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
