लखनऊ। इंदिरानगर थाना पुलिस ने आपराधिक गतिविधियों में शामिल तीन आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी संगठित गिरोह बनाकर लोगों को धमकाने, रंगदारी वसूलने और मारपीट जैसी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे हैं। गिरोह के खिलाफ दर्ज मुकदमों और आपराधिक गतिविधियों के आधार पर पुलिस ने गैंग चार्ट तैयार कर कार्रवाई की है।
पुलिस के अनुसार, इस मामले में गैंग का कथित सरगना राज जायसवाल (37) है। वह मूल रूप से बहराइच के मोतीपुर क्षेत्र का रहने वाला है और वर्तमान में इंदिरानगर क्षेत्र में रहता था। पुलिस का कहना है कि आरोपी खुद को पत्रकार बताता था।
गिरोह में राजा उर्फ अनुराग (26) निवासी जरहरा रसूलपुर सादात, इंदिरानगर और मनीष जायसवाल (42) निवासी सिधौली, सीतापुर शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, मनीष जायसवाल रिश्ते में राज जायसवाल का साढ़ू है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, राज जायसवाल और गिरोह के अन्य सदस्यों के खिलाफ वर्ष 2018 से इंदिरानगर थाने में लगातार मुकदमे दर्ज होते रहे हैं। इनमें घर में घुसकर हमला, महिला से अभद्रता, धमकी, रंगदारी, मारपीट, बलवा और एससी-एसटी एक्ट जैसी धाराओं में मामले शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, गिरोह के खिलाफ 2018 में दो मुकदमे, 2021 में रंगदारी और धमकी, 2022 में मारपीट और बलवा, 2023 में मारपीट, धमकी, रंगदारी व एससी-एसटी एक्ट तथा 2025 में ट्रैक्टर चढ़ाकर हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था।
पुलिस का दावा है कि इन मामलों में आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किए जा चुके हैं और प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन हैं।
इंदिरानगर पुलिस के अनुसार, आरोपी संगठित तरीके से आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देते थे। पुलिस का आरोप है कि गिरोह आर्थिक और भौतिक लाभ के लिए लोगों को धमकाता था और रंगदारी वसूलने के साथ मारपीट जैसी घटनाओं में भी शामिल रहा।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों की गतिविधियों के चलते क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ था और लोग इनके खिलाफ शिकायत या गवाही देने से भी डरते थे।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ दर्ज मुकदमों और उनकी आपराधिक गतिविधियों की जानकारी जुटाकर गैंग चार्ट तैयार किया। जांच के बाद पुलिस ने माना कि आरोपी संगठित गिरोह के रूप में अपराध कर रहे थे और उनकी गतिविधियों से लोक व्यवस्था प्रभावित हो रही थी।
इसी आधार पर इंदिरानगर पुलिस ने इंस्पेक्टर अजय नारायण सिंह की तहरीर पर तीनों आरोपियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की है।
पुलिस का कहना है कि गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई का उद्देश्य संगठित आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाना और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखना है
