अमेठीः उर्वरकों की उपलब्धता एवं बिक्री में अनियमितता पर होगी सख्त कार्रवाई- जिला कृषि अधिकारी
July 20, 2026
अमेठी। जनपद में किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के लिए कृषि विभाग द्वारा उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों पर लगातार निरीक्षण एवं छापेमारी की जा रही है। जिला कृषि अधिकारी देवेन्द्र सिंह निरंजन ने बताया कि उर्वरक विक्रेताओं को निर्देशित किया गया है कि बिक्री रजिस्टर में किसानों का मोबाइल नंबर, खतौनी नंबर तथा फार्मर आईडी अंकित करना अनिवार्य होगा। यदि किसी भी फुटकर उर्वरक विक्रेता द्वारा इन निर्देशों का पालन नहीं किया जाता है तो उसके विरुद्ध उर्वरक नियंत्रण आदेश के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि किसानों को निर्धारित दर पर ही उर्वरकों की बिक्री की जाएगी तथा बिक्री के समय किसान का विवरण दर्ज करना आवश्यक होगा। साथ ही प्रति हेक्टेयर अधिकतम 5 बोरी डीएपी एवं 7 बोरी यूरिया की बिक्री ही की जाएगी। किसी भी प्रकार से अनुदानित उर्वरकों के साथ अन्य उत्पादों की टैगिंग या जबरन बिक्री नहीं की जा सकेगी। जिला कृषि अधिकारी ने कहा कि सभी उर्वरक विक्रेताओं को अपने प्रतिष्ठान पर उर्वरकों का स्टॉक बोर्ड, मूल्य सूची एवं शासन द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देश स्पष्ट रूप से प्रदर्शित रखने होंगे। निरीक्षण के दौरान पीओएस मशीन में उपलब्ध स्टॉक तथा भौतिक स्टॉक में किसी भी प्रकार का अंतर पाए जाने पर संबंधित विक्रेता के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिंक, माइक्रो न्यूट्रिएंट्स, सल्फर एवं जैविक उर्वरकों सहित अन्य उत्पादों की बिक्री का भी उचित अभिलेखीकरण किया जाना आवश्यक है। यदि निरीक्षण के दौरान कोई अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित उर्वरक विक्रेता का लाइसेंस निरस्त करते हुए विधिक कार्रवाई की जाएगी। जिला कृषि अधिकारी ने किसानों से अपील की कि उर्वरक वितरण से संबंधित किसी भी समस्या, शिकायत या अनियमितता की सूचना तत्काल कृषि विभाग के कंट्रोल रूम में दें, जिससे शिकायतों का त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण किया जा सके।
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