ओमान के तट के पास स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाज में लगी आग, 9वीं रात भी ईरान पर भीषण हमले
July 20, 2026
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ओमान के तट के पास सोमवार तड़के एक वाणिज्यिक जहाज में भीषण आग लग गई। ब्रिटिश सेना के यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) केंद्र ने इस घटना की पुष्टि करते हुए चेतावनी जारी की है। हालांकि, आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है और दोनों देश पूर्ण युद्ध के मुहाने पर खड़े नजर आ रहे हैं। पिछले महीने हुआ अंतरिम शांति समझौता पूरी तरह टूट चुका है, जिसके कारण इस महत्वपूर्ण वैश्विक व्यापारिक मार्ग स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर जहाजों की आवाजाही लगभग ठप हो गई है।
अमेरिकी सेना की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने सोमवार तड़के ईरान पर लगातार नौवें दिन हवाई हमले किए। अमेरिका ने शनिवार को इराक में एक मार गिराए गए ईरानी ड्रोन को नष्ट करने के दौरान अपने एक और सैनिक की मौत की पुष्टि के बाद यह कार्रवाई की है। 28 फरवरी से शुरू हुए इस युद्ध में अब तक 17 अमेरिकी सैनिक मारे जा चुके हैं। सेंट्रल कमांड ने बयान में कहा, "यह हमले ईरान की उन सैन्य क्षमताओं को नष्ट करने के लिए जारी रहेंगे, जिनका इस्तेमाल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले नागरिक और वाणिज्यिक जहाजों पर हमलों के लिए किया जाता है।"
ईरान की परमाणु ऊर्जा एजेंसी ने दावा किया है कि अमेरिकी हमलों ने देश के दक्षिण-पश्चिम हिस्से में स्थित एक निर्माणाधीन परमाणु ऊर्जा संयंत्र, 'दारखोविन' परमाणु साइट को निशाना बनाया है। उपग्रह से मिली तस्वीरों के अनुसार, इस साइट पर अभी शुरुआती काम ही चल रहा था। संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी संस्था (IAEA) ने भी स्पष्ट किया है कि हालिया दौरे तक इस शुरुआती निर्माण स्थल पर कोई परमाणु सामग्री मौजूद नहीं थी।
अमेरिका के हमलों के जवाब में ईरान ने मध्य पूर्व में अमेरिकी सहयोगी देशों पर मिसाइल और ड्रोन हमले तेज कर दिए हैं। जॉर्डन की सेना ने सोमवार को कई ईरानी मिसाइलों को हवा में ही मार गिराया। जॉर्डन ने इस हमले के विरोध में ईरानी राजदूत को तलब किया है। जॉर्डन के अकाबा शहर को निशाना बनाकर दागी गई मिसाइलों के बाद पड़ोसी देश इजरायल भी अलर्ट हो गया है। इजरायली सेना ने चेतावनी दी है कि मिसाइलों का मलबा उनके क्षेत्र में गिर सकता है, जिसके कारण हफ्तों बाद पहली बार हवाई हमले के सायरन बजाए जा सकते हैं। कुवैत में एक बिजली और जल अलवणीकरण (Desalination) संयंत्र पर दो दिनों में दूसरी बार हमला हुआ, जिससे वहां आग लग गई। कुवैत अपनी पीने के पानी की 90% जरूरतों के लिए इन्हीं संयंत्रों पर निर्भर है।
खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के महासचिव जसीम मोहम्मद अल-बुदैवी ने नागरिक बुनियादी ढांचों और सुविधाओं पर हमलों के लिए ईरान पर 'युद्ध अपराध' का आरोप लगाया है। अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के तहत पुलों और बिजली संयंत्रों जैसे नागरिक ठिकानों पर हमले प्रतिबंधित हैं, बशर्ते उनका इस्तेमाल सैन्य उद्देश्यों के लिए न किया जा रहा हो।
