ममता सरकार जनता से कट गई थी, जिससे उसका जनाधार कमजोर हुआ-असदुद्दीन ओवैसी
June 16, 2026
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की करारी हार के बाद AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने ममता बनर्जी की पार्टी की करारी हार के पीछे 4 बड़े कारण गिनाए हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य में भ्रष्टाचार, कुशासन, मुस्लिम समुदाय की अनदेखी और SIR का विवाद तृणमूल कांग्रेस की हार के 4 बड़े कारण रहे। ANI के साथ एक इंटरव्यू में ओवैसी ने कहा कि ममता सरकार जनता की समस्याओं से कट गई थी और लोगों का भरोसा खो चुकी थी, और इसी के चलते चुनावों में उसे मात मिली।
ओवैसी ने कहा कि ये चारों मुद्दे मिलकर तृणमूल कांग्रेस की हार की बड़ी वजह बने। उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी का आम जनता से संपर्क पूरी तरह टूट गया था और सरकार लोगों की भावनाओं को समझने में विफल रही।
ओवैसी ने कलकत्ता हाई कोर्ट द्वारा वर्ष 2010 के बाद जारी किए गए पांच लाख ओबीसी प्रमाणपत्र रद्द किए जाने का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने दावा किया कि इनमें करीब 3 लाख प्रमाणपत्र मुस्लिम समुदाय के लोगों के थे। ओवैसी का कहना था कि सरकार के पास इस समस्या के समाधान का अवसर था, लेकिन उसने आवश्यक कदम नहीं उठाए।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 में भारतीय जनता पार्टी ने 294 में से 206 सीटें जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। वहीं, फलता में बाद में हुए विधानसभा चुनाव में भी बीजेपी ने बाजी मार ली थी। इस तरह उसकी सीटों की कुल संख्या 207 हो गई। वहीं, पिछले चुनाव में 212 सीटें जीतने वाली तृणमूल कांग्रेस इस बार केवल 80 सीटों पर सिमट गई और बाद में उसके अधिकांश विधायक बागी भी हो गए।
