लखनऊः टीबी मुक्त भारत ऐप डाउनलोड करने में लखीमपुर खीरी उत्तर प्रदेश में तीसरे स्थान पर, 470 लोगों ने किया डाउनलोड
June 21, 2026
लखीमपुर खीरी। टीबी (क्षय रोग) के खात्मे और मरीजों की सहायता के लिए सरकार द्वारा लॉन्च किए गए श्टीबी मुक्त भारतश् मोबाइल ऐप को अपनाने में जनपद लखीमपुर खीरी ने प्रदेश स्तर पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। जनपद में अब तक कुल 470 लोगों द्वारा इस एप को डाउनलोड किया जा चुका है, जिसके साथ ही लखीमपुर खीरी ने पूरे उत्तर प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया है।मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. संतोष गुप्ता ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा टीबी रोगियों की सहायता और बीमारी से जुड़ी जानकारियों को आसान बनाने के लिए श्टीबी मुक्त भारतश् नाम से एक महत्वपूर्ण मोबाइल एप लॉन्च किया गया है। उन्होंने बताया कि इस एप की सबसे खास विशेषता इसका एआई (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) आधारित श्खुशीश् चैटबॉट है, जो टीबी से जुड़े मरीजों और आम जनता के किसी भी सवाल का तुरंत डिजिटल साथी की तरह जवाब देगा। यह एप टीबी मरीजों, उनके परिजनों और समाज के बीच की दूरी को कम करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है।जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. प्रमोद रावत ने एप की अन्य खूबियों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि अक्सर मरीज समय पर दवा लेना भूल जाते हैं। ऐसे में यह एप मरीजों को दैनिक रिमाइंडर भेजेगा, जिससे वे अपनी दवाएं सही समय पर ले सकें। इसके साथ ही ऐप के जरिए टीबी के निदान, इलाज, सावधानियों और पोषण संबंधी जानकारी भी उपलब्ध कराई जाएगी।डॉ. रावत ने आगे बताया कि निक्षय मित्र बनने की सुविधा भी है यदि कोई व्यक्ति किसी टीबी रोगी को गोद लेना चाहता है या उसे पोषण पोटली देना चाहता है, तो वह इस एप के जरिए खुद को श्निक्षय मित्रश् के रूप में पंजीकृत कर सकता है। विभागीय अफसरों के अप्रूवल के बाद वे सीधे इस मुहिम से जुड़ सकेंगे। वॉलिंटियर रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी उपलब्ध है जिसमें टीबी के खिलाफ इस अभियान में योगदान देने के लिए कोई भी नागरिक एप के माध्यम से वॉलिंटियर बनने के लिए भी रजिस्ट्रेशन करा सकता है।सीएमओ डॉ संतोष गुप्ता ने यह भी बताया कि यह ऐप गूगल प्ले स्टोर पर मुफ्त उपलब्ध है। स्वास्थ्य विभाग ने जनपद वासियों से अपील की है कि वे इस एप को गूगल प्ले स्टोर से मुफ्त में डाउनलोड करें ताकि टीबी से जुड़ी हर जानकारी आसानी से मिल सके और जनपद को पूरी तरह से टीबी मुक्त बनाने में सहयोग दिया जा सके।
