कुंडा/प्रतापगढ़। कुंडा इलाके में रसोई गैस की भीषण किल्लत ने आम जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। हालात ऐसे हो गए हैं कि ग्रामीण सुबह से ही गैस एजेंसी के बाहर लंबी कतारों में खड़े रहने को मजबूर हैं, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।
क्षेत्र में इन दिनों रसोई गैस की आपूर्ति पूरी तरह चरमराई हुई है। गैस सिलेंडर की कमी के चलते ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि कई-कई दिन पहले बुकिंग कराने के बावजूद समय पर गैस नहीं मिल रही है, जिससे उनके सामने रोजमर्रा की रसोई चलाना भी मुश्किल हो गया है।
गैस एजेंसी के बाहर सुबह से ही महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं की लंबी कतारें लग रही हैं। लोग भूखे-प्यासे घंटों लाइन में खड़े रहते हैं, लेकिन मांग और आपूर्ति में भारी अंतर होने के कारण ग्रामीणों को गैस नही मिल पा रही है।
कई ग्रामीणों ने है कि गैस वितरण में अनियमितता का आरोप लगाया लेकिन इसकी कोई पुष्टि नही हो पाई।
ग्रामीणों ने सरकार से मांग की है कि गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जाए और वितरण व्यवस्था को सुचारू रूप से किया जाए, ताकि आम जनता को इस तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो यह किल्लत और भी विकराल रूप ले सकती है और सरकार को पब्लिक के रोष का सामना करना पड़ सकता है। श्रेयांशी गैस एजेंसी के संचालक विजय केसरवानी के बताया कि गैस की किल्लत होने और लगातार फोन आने से उनका स्वास्थ्य खराब हो गया है। मांग और आपूर्ति में अंतर होने के कारण समस्या बनी हुई है।
