पीलीभीत। जनपद की तहसील कलीनगर में जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया, जिसमें जनसमस्याओं के समाधान के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। समाधान दिवस के दौरान कुल 14 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से एक शिकायत का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देशों के साथ प्रेषित किया गया।
जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि वे शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही न बरतें और प्रत्येक मामले में स्वयं मौके पर जाकर जांच करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों का समाधान केवल कागजी औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि वास्तविक और संतोषजनक होना चाहिए। इसके लिए दोनों पक्षों को बुलाकर निष्पक्ष सुनवाई सुनिश्चित की जाए।उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा जनसुनवाई पोर्टल पर दर्ज शिकायतों की गुणवत्ता की नियमित समीक्षा की जा रही है, इसलिए सभी अधिकारी निस्तारण की आख्या समय से पोर्टल पर अपलोड करें और यह सुनिश्चित करें कि शिकायतकर्ता पूरी तरह संतुष्ट हो। राजस्व से जुड़े मामलों में आवश्यकता पड़ने पर पुलिस विभाग का सहयोग लेकर मौके पर ही समाधान कराया जाए।समाधान दिवस के दौरान एक संवेदनशील पहल के तहत जिलाधिकारी ने मृतक खातेदारों की वरासत की खतौनी उनके वारिसों को वितरित की, जिससे उन्हें राजस्व अभिलेखों में अधिकार प्राप्त हो सके। इस कार्य से लाभार्थियों के चेहरों पर संतोष और राहत दिखाई दी।कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक सुकीर्ति माधव, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आलोक कुमार, उप जिलाधिकारी कलीनगर, तहसीलदार कलीनगर सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मौके पर उपस्थित फरियादियों की समस्याएं सुनीं और त्वरित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के माध्यम से प्रशासन ने एक बार फिर यह संदेश देने का प्रयास किया कि आम जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है और शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित की जा रही है।
