यदि किसी के साथ साइबर ठगी होती है तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या नजदीकी साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराएं।
सोनभद्र। जनपद में तेजी से बढ़ रहे साइबर फ्रॉड के मामलों पर अब पुलिस ने निर्णायक और सख्त प्रहार किया है। फरवरी माह में ही साइबर ठगी के मामलों में त्वरित कार्रवाई करते हुए सोनभद्र पुलिस ने लगभग 57 लाख रुपये की ठगी गई धनराशि विभिन्न खातों में होल्ड कराई है, जबकि करीब 20 लाख रुपये पीड़ितों को वापस भी दिलाए जा चुके हैं। यह कार्रवाई स्पष्ट संकेत देती है कि अब साइबर अपराधियों के लिए सोनभद्र में कोई सुरक्षित ठिकाना नहीं बचा है।अभिषेक वर्मा, पुलिस अधीक्षक, ने बताया कि पुलिस मुख्यालय और डीजीपी के निर्देशों के अनुपालन में साइबर अपराध के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जा रहा है।समय रहते शिकायत दर्ज होने पर त्वरित तकनीकी समन्वय के जरिए रकम को होल्ड कराया जा रहा है, जिससे पीड़ितों को राहत मिल सके। जिन खातों को एहतियातन सीज किया गया था, उन्हें संबंधित बैंकों से समन्वय कर विधिक प्रक्रिया के बाद दोबारा संचालित भी कराया जा रहा है, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक असुविधा न हो।पुलिस के अनुसार इन दिनों साइबर अपराधी नए-नए हथकंडे अपना रहे हैं। शादी के कार्ड, फोटो या किसी परिचित के नाम से मैसेज भेजकर लोगों को APK फाइल डाउनलोड करने के लिए उकसाया जा रहा है। जैसे ही यह फाइल मोबाइल में इंस्टॉल होती है, अपराधी मोबाइल का एक्सेस लेकर बैंकिंग डिटेल्स तक पहुंच बना लेते हैं और खाते से रकम पार कर देते हैं।पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि किसी भी अनजान लिंक या APK फाइल को डाउनलोड न करें। यदि किसी के साथ साइबर ठगी होती है तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या नजदीकी साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराएं। समय पर दी गई सूचना ही रकम को होल्ड कराने में सबसे बड़ी भूमिका निभाती है।
