लखनऊ। सारे जग में गूंज उठे जय जगत का नारा हैश् की भावना से लबरेज सिटी मोंटेसरी स्कूल की अनूठी झाँकी गणतन्त्र दिवस परेड में श्सर्वधर्म समभावश्, श्वसुधैव कुटुम्बकम्श् एवं श्जय जगतश् का संदेश देगी। चारबाग में रवीन्द्रालय स्थित झाँकी स्थल पर शनिवार को आयोजित एक प्रेस वार्ता में यह झाँकी पत्रकारों को दिखाई गई। इस अवसर पर झाँकी के विभिन्न पहलुओं से पत्रकारों को अवगत कराते हुए सी.एम.एस. प्रबन्धक प्रो. गीता गाँधी किंगडन ने बताया कि सी.एम. एस. की यह झाँकी वर्तमान समय में अत्यन्त प्रासंगिक है, जो यह संदेश देती है कि प्रेम, परामर्श और भाईचारे की भावना में ही सम्पूर्ण मानवता की भलाई, शांति और सुरक्षा निहित है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि गणतन्त्र दिवस परेड में सी.एम.एस. की यह झाँकी जनमानस के विशेष आकर्षण का केन्द्र होगी।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए प्रो. किंगडन ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विगत 21 नवम्बर 2025 को श्विश्व के मुख्य न्यायाधीशों के अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलनश् को सम्बोधित करते हुए कहा था कि ष्हजारों वर्षों से भारत पूरी दुनिया को एक परिवार के रूप में मानता आ रहा है और मुख्यमंत्री जी द्वारा व्यक्त ये विचार सी.एम.एस. की इस अनूठी झाँकी में विद्यमान हैं। उन्होंने आगे कहा कि श्सारे जग में गूंज उठे जय जगत का नारा हैश् की प्रेरणादायी थीम पर आधारित सी.एम.एस. झाँकी सम्पूर्ण मानवत्ता के कल्याण का सशक्त संदेश देती है और युद्ध, हिंसा और वैमनस्य के स्थान पर शान्ति, सहयोग और मानवीय मूल्यों की स्थापना का आह्वान करती है। सी.एम.एस. की यह झाँकी मात्र प्रदर्शन भर के लिए नहीं है अपितु इसके पीछे उद्देश्य है कि विश्व मानवता के उत्थान के लिए श्जय जगतश् की भावना को प्रत्येक नागरिक आत्मसात करे। वास्तव में, सी.एम.एस. यह अनूठी झाँकी सम्पूर्ण विश्वसमाज को समर्पित है, जो विश्व मानवता के उत्थान हेतु प्रत्येक नागरिक को सकारात्मक प्रयास हेतु प्रेरित करती है।
झाँकी की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए प्रो. किंगडन ने बताया कि सी.एम.एस. झाँकी पाँच भागों में हैं और सभी भाग एक अनूठे ढंग से श्विश्व एक परिवारश् का संदेश दे रहे हैं। झाँकी के प्रथम भाग में सी.एम.एस. छात्रा श्वसुधैव कुटुम्बकमश् का संदेश दे रही है जबकि द्वितीय भाग में विभिन्न धर्मावतारों के माध्यम से श्सर्वधर्म समभाव का संदेश दिया गया है। झाँकी के तृतीय एवं मध्य भाग में विभिन्न उपासना स्थलों के माध्यम से धार्मिक एकता का संदेश दिया जा रहा है जबकि चतुर्थ भाग में सिटी मोन्टेसरी स्कूल का थ्री डी मॉडल प्रदर्शित किया गया है, जो यह संदेश दे रहा है कि भावी पीढ़ी को उच्च जीवन मूल्यों के साथ आदर्श विश्व नागरिक बनाने में स्कूलों की अहम भूमिका है। यहीं पर सी.एम.एस. संस्थापक स्व. डॉ. जगदीश गांधी की प्रतिमा प्रदर्शित की गई है। झाँकी के पाँचवे एवं अंतिम भाग में विज्ञान और अध्यात्म का संगम दिखाया गया है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला के साथ वैज्ञानिक प्रगति का संदेश देते नजर आ रहे हैं।
