Type Here to Get Search Results !
BREAKING NEWS

अमेठीः नेताजी सुभाष चन्द्र बोस जयंती पर ब्लैक आउट मॉक ड्रिल! आपात स्थिति से निपटने का किया गया अभ्यास! हवाई हमले की आपात स्थिति से निपटने का किया गया जीवंत अभ्यास, डीएम ने तैयारियों पर जताया संतोष


अमेठी। शासन के निर्देशानुसार नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के जन्म दिवस के अवसर पर नागरिक सुरक्षा विभाग द्वारा ब्लैक आउट मॉक ड्रिल का आयोजन आज दिनांक 23 जनवरी 2026 को सायं 06रू00 बजे नवनिर्मित रिजर्व पुलिस लाइन, गौरीगंज, अमेठी में किया गया। मॉक ड्रिल का आयोजन जिलाधिकारी एवं नागरिक सुरक्षा नियंत्रक संजय चैहान की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। मॉक ड्रिल के दौरान हवाई हमले की संभावित आपात स्थिति में नागरिकों की सुरक्षा, राहत एवं बचाव कार्यों की संपूर्ण प्रक्रिया का वास्तविक अभ्यास किया गया। परिदृश्य के अनुसार सूचना प्राप्त हुई कि शत्रु देश के बमवर्षक विमान अमेठी की ओर बढ़ रहे हैं, जिनका संभावित लक्ष्य गौरीगंज पुलिस लाइन है। सूचना मिलते ही जिलाधिकारी की अनुमति से हवाई हमले का संकेत देने वाला सायरन दो मिनट तक बजाया गया, जिसके पश्चात मानक संचालन प्रक्रिया (ैव्च्) के तहत संपूर्ण क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बंद कर दी गई। विद्युत आपूर्ति बंद होने के उपरांत विमानों द्वारा पुलिस लाइन पर बमबारी की गई, जिससे आग लगने, भवनों के ध्वस्त होने एवं पुलों के क्षतिग्रस्त होने की घटनाओं का अभ्यास किया गया। इस दौरान परिसर में उपस्थित सभी लोगों ने सुरक्षित स्थानों पर शरण ली, वहीं कुछ ने जमीन पर लेटकर दोनों कान बंद कर स्वयं को सुरक्षित करने का अभ्यास किया। विमानों के क्षेत्र से चले जाने की सूचना मिलने के बाद ऑल क्लियर सायरन बजाया गया एवं विद्युत आपूर्ति बहाल की गई। इसके पश्चात अग्निशमन वाहनों द्वारा आग बुझाने, क्षतिग्रस्त भवनों से फंसे लोगों को बाहर निकालने तथा सिविल डिफेंस के स्वयंसेवकों व अन्य राहत-बचाव कर्मियों द्वारा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। गंभीर रूप से घायलों को एएलएस एम्बुलेंस से एवं सामान्य घायलों को प्राथमिक उपचार के पश्चात बसों के माध्यम से नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। तत्पश्चात जिलाधिकारी को स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की गई, जिसमें सामान्य व गंभीर घायलों, मृतकों एवं अन्य क्षतियों की जानकारी दी गई। मॉक ड्रिल के समापन पर जिलाधिकारी ने कहा कि इस प्रकार के अभ्यास का उद्देश्य आपात स्थिति में सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना एवं आम नागरिकों को सजग बनाना है। भविष्य में भी इस तरह के प्रशिक्षण अभ्यास आयोजित किए जाएंगे, ताकि किसी भी आपदा या आपात स्थिति में जन-धन की हानि को न्यूनतम किया जा सके। उन्होंने सभी विभागों द्वारा किए गए राहत एवं बचाव कार्यों पर संतोष व्यक्त किया। पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक ने कहा कि ब्लैक आउट मॉक ड्रिल के माध्यम से पुलिस बल, अर्धसैनिक बल एवं अन्य सुरक्षा एजेंसियों की तत्परता और समन्वय का प्रभावी परीक्षण किया गया है। इस प्रकार के अभ्यास से सुरक्षा तंत्र और अधिक सुदृढ़ होता है तथा वास्तविक परिस्थितियों में त्वरित निर्णय लेने की क्षमता विकसित होती है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी सचिन कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अर्पित गुप्ता, अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेंद्र सिंह, सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह, डिप्टी कलेक्टरध्प्रभारी अधिकारी नागरिक सुरक्षा नितेश राज, डीआईओएस डॉ. राजेश द्विवेदी, आपदा विशेषज्ञ प्रदीप कुमार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। मॉक ड्रिल में नागरिक सुरक्षा विभाग के स्वयंसेवक, प्रशिक्षित आपदा मित्र, पुलिस विभाग, स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन विभाग, विद्युत विभाग, अर्धसैनिक बल (सीआरपीएफ), पीआरडी, स्काउट-गाइड, एनसीसी, होमगार्ड के कार्मिकों ने सक्रिय सहभागिता की। इसके अतिरिक्त उपजिलाधिकारी गौरीगंज प्रीति तिवारी, शिक्षाविद ज्ञानेंद्र त्रिपाठी ‘मनीषी जी’, अंतरराष्ट्रीय शूटर रुचि सिंह, व्यापार मंडल जिला अध्यक्ष मोहम्मद समीर कुरैशी सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Design by - Blogger Templates |