लखनऊ। नगर निगम ने बकाया गृहकर (हाउस टैक्स) जमा न करने वाले डिफॉल्टरों के खिलाफ शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में मंगलवार को जोन-5 और जोन-6 में बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए कई सरकारी और निजी परिसरों को सील कर दिया गया। नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक, बार-बार नोटिस और पत्राचार के बावजूद टैक्स जमा न करने पर यह सख्त कदम उठाया गया है।
जोन-5 में जोनल अधिकारी विनीत कुमार सिंह के नेतृत्व में टीम ने दो बड़े परिसरों पर कार्रवाई की।सरोजनी नगर प्रथम वार्ड मे 400 केवी विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता कार्यालय (भवन संख्या जीबी-26 व जीबी-27) पर 3.84 करोड़ रुपये से अधिक का गृहकर बकाया था, जिसके चलते इसे सील कर दिया गया। नादरगंज मे मंडलीय ड्रग वेयरहाउस के प्रशासनिक कार्यालय पर करीब 14.80 लाख रुपये का बकाया होने के कारण कार्रवाई की गई।
जोन-6 के जोनल अधिकारी अमरजीत यादव के नेतृत्व में टीम ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए पांच बड़े बकायेदारों के खिलाफ शिकंजा कसा। मलिहाबाद रोड और लालबाग क्षेत्र के अंतर्गत नसीम, जीनत बानो (दो अलग-अलग भवन) और मनमोहन सिंह के परिसरों पर लाखों रुपये का टैक्स बकाया होने के कारण भवनों को सील कर दिया गया। इनमें अकेले जीनत बानो के एक भवन पर 28.45 लाख रुपये और मनमोहन सिंह के भवन पर 25.34 लाख रुपये का बकाया शामिल है। फरीदीपुर के मकान ट्रेडर्स (हनान) के मामले में आपत्ति दर्ज की गई है, जबकि मलिहाबाद रोड के आलम द्वारा आंशिक भुगतान किया गया है।
नगर आयुक्त गौरव कुमार ने शहर के सभी भवन स्वामियों से अपील की है कि वे समय पर अपना गृहकर जमा करें। उन्होंने कहा कि बकायेदार नगर निगम की एकमुश्त समाधान (ओटीएस) योजना का लाभ उठाकर नियमों के तहत ब्याज में भारी छूट प्राप्त कर सकते हैं। नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि टैक्स जमा न करने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी कड़ाई से जारी रहेगा।
