सिंहपुर/अमेठी। सिंहपुर स्वस्थ केन्द्र आये दिन किसी न किसी मामले को लेकर सुर्खियों में बना रहता है शुक्रवार को एक ताजा मामले में डाक्टरों के निरंकुश रवैए से समरौता निवासी एक वयोवृद्ध महिला की घर पहुंच कर इलाज न मिलने की वजह से मौत हो गई सेमरौता निवासी हिमांशु अवस्थी ने लगाया समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर के प्रभारी डाक्टर पर अभद्र व्यवहार का आरोप । सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर की स्वास्थ्य व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। शुक्रवार को करीब दोपहर दो बजे हिमांशु अवस्थी अपनी दादी को गंभीर हालत में इलाज के लिए सीएचसी सिंहपुर लेकर पहुंचे। परिजनों का आरोप है कि इमरजेंसी में उस समय कोई चिकित्सक मौजूद नहीं था।हिमांशु अवस्थी के मुताबिक, अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों से जब डॉक्टर के बारे में जानकारी ली गई तो बताया गया कि चिकित्सक अपने आवास पर हैं। परिजनों ने डॉक्टर से संपर्क करने के लिए फोन किया और मरीज की गंभीर स्थिति की जानकारी दी। आरोप है कि कई बार संपर्क करने के बावजूद चिकित्सक तत्काल मरीज को देखने नहीं पहुंचे। परिजनों का यह भी आरोप है कि अस्पताल में मौजूद कुछ कर्मचारियों ने उनके साथ अभद्रता की और गंभीर हालत में मरीज को वापस घर ले जाने की बात कही। परिजनों के मुताबिक मरीज की हालत बेहद गंभीर थी और उसे तत्काल चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता थी। ऐसे में इमरजेंसी में चिकित्सक की अनुपस्थिति और मरीज को कथित तौर पर घर ले जाने की सलाह दिए जाने से अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं ।परिजनों का कहना है कि सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी में यदि गंभीर मरीज पहुंचता है तो उसे तत्काल चिकित्सकीय परीक्षण और आवश्यक प्राथमिक उपचार मिलना चाहिए। यदि डाक्टरों का रवैया सही होता तो बच सकती थी महिला की जानिब लेकिन कथित तौर पर मरीज को घर वापस ले जाने की बात कहना बेहद गंभीर विषय है।स्थानीय लोगों का आरोप है कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर पर पहले भी समय-समय पर लापरवाही के आरोप लगते रहे हैं। उनका कहना है।पीड़ित परिवार ने पूरे मामले की शिकायत उच्च अधिकारियों से करने की बात कही है। परिजनों की मांग है कि ड्यूटी के समय चिकित्सक की मौजूदगी, इमरजेंसी की व्यवस्था और कर्मचारियों के व्यवहार की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
सिंहपुर: सीएचसी के डाक्टरों की लापरवाही से वद्ध महिला की गई जान
August 22, 2026
सिंहपुर/अमेठी। सिंहपुर स्वस्थ केन्द्र आये दिन किसी न किसी मामले को लेकर सुर्खियों में बना रहता है शुक्रवार को एक ताजा मामले में डाक्टरों के निरंकुश रवैए से समरौता निवासी एक वयोवृद्ध महिला की घर पहुंच कर इलाज न मिलने की वजह से मौत हो गई सेमरौता निवासी हिमांशु अवस्थी ने लगाया समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर के प्रभारी डाक्टर पर अभद्र व्यवहार का आरोप । सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर की स्वास्थ्य व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। शुक्रवार को करीब दोपहर दो बजे हिमांशु अवस्थी अपनी दादी को गंभीर हालत में इलाज के लिए सीएचसी सिंहपुर लेकर पहुंचे। परिजनों का आरोप है कि इमरजेंसी में उस समय कोई चिकित्सक मौजूद नहीं था।हिमांशु अवस्थी के मुताबिक, अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों से जब डॉक्टर के बारे में जानकारी ली गई तो बताया गया कि चिकित्सक अपने आवास पर हैं। परिजनों ने डॉक्टर से संपर्क करने के लिए फोन किया और मरीज की गंभीर स्थिति की जानकारी दी। आरोप है कि कई बार संपर्क करने के बावजूद चिकित्सक तत्काल मरीज को देखने नहीं पहुंचे। परिजनों का यह भी आरोप है कि अस्पताल में मौजूद कुछ कर्मचारियों ने उनके साथ अभद्रता की और गंभीर हालत में मरीज को वापस घर ले जाने की बात कही। परिजनों के मुताबिक मरीज की हालत बेहद गंभीर थी और उसे तत्काल चिकित्सकीय सहायता की आवश्यकता थी। ऐसे में इमरजेंसी में चिकित्सक की अनुपस्थिति और मरीज को कथित तौर पर घर ले जाने की सलाह दिए जाने से अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं ।परिजनों का कहना है कि सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी में यदि गंभीर मरीज पहुंचता है तो उसे तत्काल चिकित्सकीय परीक्षण और आवश्यक प्राथमिक उपचार मिलना चाहिए। यदि डाक्टरों का रवैया सही होता तो बच सकती थी महिला की जानिब लेकिन कथित तौर पर मरीज को घर वापस ले जाने की बात कहना बेहद गंभीर विषय है।स्थानीय लोगों का आरोप है कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिंहपुर पर पहले भी समय-समय पर लापरवाही के आरोप लगते रहे हैं। उनका कहना है।पीड़ित परिवार ने पूरे मामले की शिकायत उच्च अधिकारियों से करने की बात कही है। परिजनों की मांग है कि ड्यूटी के समय चिकित्सक की मौजूदगी, इमरजेंसी की व्यवस्था और कर्मचारियों के व्यवहार की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
