जामो: भ्रष्टाचार की भेंट चढा़ एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र अतरौली! सीडीओ ने कहा- जांच कर होगी कार्रवाई
August 03, 2026
जामो/अमेठी। भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र अतरौली विकासखंड जामों जनपद अमेठी किस मसाले से बनाया गया बिना उसे यूज किये ही टूट गया फर्ष धड़क गई बैठ गई दरारें आ गई टीना और जाली कुछ है कुछ नदारत आखिर कितने लाख रुपए खर्च हुआ होगा इतना भ्रष्टाचार तो कहीं नहीं देखा बिना उसे यूज किये ही सरकार का पैसा भ्रष्टाचार की बलि चढ़ गया गां आबादी से काफी दूर होने के कारण जब से बना तब से लेकर आज तक एक ग्राम कचरा तक नसीब नहीं हुआ और पूरी तरह से खंडहर में तब्दील हो गया, ना मालूम किस अधिकारी कर्मचारियों ने इसके पैसे को भी पास कर दिया होगा जांच करके कार्रवाई किए जाने की आवश्यकता है। ईट बिछाकर बनाई गई फर्श, गिट्टी तक नसीब नहीं हुई, इससे बड़ा भ्रष्टाचार और क्या हो सकता है।सरकार की रीतियों और नीतियों का ग्राम पंचायत के जिम्मेदार लोगों द्वारा किस तरह से गला घोंटा जा रहा है, वह इस ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र अतरौली में देखा जा सकता है गांव सभा के लोगों को यह ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र मुंह चिढ़ा रहा है ग्राम पंचायत अतरौली में बने एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र की दुर्दशा का आलम यह है कि अभी बने हुए बहुत दिन नहीं हुए होंगे खंडहर में तब्दील हो चुका है।
बेशक प्रबंधन केंद्र के बाहर रंगी पुती डिजाइन में देश के प्रधानमंत्री को स्वच्छता अभियान के तहत झाड़ू लिए हुए दिखाया जा रहा है साथ में और भी महापुरुष की फोटो बाकायदा पेंटिंग की हुई है, लेकिन अंदर इस अपशिष्ट केंद्र की इतनी खराब दुर्दशा है जिसको देखकर हर बुद्धिजीवी व्यक्ति यही सोचेगा सिर्फ खाना पूर्ति करके जिम्मेदार लोगों द्वारा पैसों की ही कमाई की गई है, मानक नाम की कोई भी चीज यहां पर दिखाई नहीं पड़ी, दरवाजा हमेशा खुला रहता है एक अदद ताला तक नसीब नहीं होता, प्रबंधन केंद्र के अंदर की स्थिति बहुत कुछ बयां कर रही है। फर्श पूरी तरह से धंस चुकी है फर्श में गिट्टी का प्रयोग बिल्कुल नहीं किया गया ईंटें बिछाई गई है जो साफ-साफ दिख रही है, अंदर अपशिष्ट के लिए जो पार्ट बनाए गए हैं उसकी ईंटें पूरी तरह उखड़ गई हैं, टीन सेड टूटा हुआ है, इसी तरह की बहुत सारी ऐसी कमियां है जो जांचों उपरांत ही जग जहीर होंगी, लगभग 5 लाख के करीब लागत के इस प्रोजेक्ट का किस तरह से जिम्मेदार लोगों द्वारा आर्थिक दोहन किया जा रहा है यह सब जांच के बाद ही दूध का दूध और पानी का पानी आम जनमानस के सामने आएगा फिलहाल एकीकृत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र की दुर्दशा के बारे में जानकारी करने के लिए जब डीपीआरओ मनोज त्यागी जी से बात करने का प्रयास किया दूरभाष पर तो उनका फोन नहीं उठा दोबारा प्रयास करने पर भी उनका फोन नहीं उठा इस संबंध में खंड विकास अधिकारी रतन सिंह जी से जब बात की गई तो उन्होंने कहा इस संबंध में डीपीआरओ ही कुछ कर सकते हैं वही बताएंगे जनपद की मुख्य विकास अधिकारी पूजा साहू जी से बात की गई तो उन्होंने कहा मामले की जांच करेंगे और कार्रवाई होगी।

