पीलीभीत। जनपद में रविवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे ने श्रद्धालुओं की यात्रा को मातम में बदल दिया। माधोटांडा मार्ग स्थित सिद्ध बाबा मंदिर के पास तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने एक कार को सामने से जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में पांच वर्षीय मासूम बच्चे सहित चार लोग घायल हो गए। दुर्घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई जबकि आरोपी पिकअप चालक वाहन लेकर मौके से फरार हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल भिजवाया।
जानकारी के अनुसार अमरिया थाना क्षेत्र के दियोरनिया निवासी महेश पुत्र घासीराम अपने पांच वर्षीय पुत्र हितेश, बसंतपुर निवासी भगवान दास पुत्र पूरनलाल तथा ताराचंद पुत्र रामकिशन के साथ कार से सिद्ध बाबा मंदिर पर आयोजित भंडारे में शामिल होने जा रहे थे। कार में भंडारे से संबंधित सामान भी रखा हुआ था। बताया जा रहा है कि सुबह करीब पांच बजे जब उनकी कार माधोटांडा रोड स्थित सिद्ध बाबा मंदिर के निकट पहुंची, तभी सामने से तेज गति से आ रही एक पिकअप ने कार को सीधी टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार लोग घायल होकर चीख-पुकार करने लगे। हादसे में कार चालक महेश के हाथ और पैर में गंभीर चोटें आईं, जबकि पांच वर्षीय मासूम हितेश सहित अन्य दो लोग भी घायल हो गए। सड़क हादसे के बाद आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही गजरौला क्षेत्र की रिछोला चैकी से हेड कांस्टेबल मोरपाल सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने राहत कार्य करते हुए घायलों को एंबुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका उपचार किया गया। चिकित्सकों के अनुसार कुछ घायलों को गंभीर चोटें आई हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के तुरंत बाद पिकअप चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। पुलिस ने आसपास के मार्गों पर जांच शुरू कर दी है और फरार चालक की तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि वाहन और चालक की पहचान की जा सके।
रविवार सुबह हुए इस हादसे ने एक बार फिर तेज रफ्तार वाहनों और लापरवाह ड्राइविंग पर सवाल खड़े कर दिए हैं। श्रद्धालुओं से भरी कार में गैस सिलेंडर रखा होने के कारण बड़ा हादसा भी हो सकता था, लेकिन समय रहते राहत कार्य होने से स्थिति और भयावह होने से बच गई।

