प्रतापगढ़। जिले में सुगतानन्द बुद्ध विहार(सई नदी के) पर आयोजित जनपद के धम्मसारथी पूज्य तत्वलींन भदन्त कल्याणमित्र महास्थविर की द्वितीय पावन पुण्यतिथि श्रद्धा व संकल्प के साथ मनाया गया । इस अवसर पर जनपद सहित सुल्तानपुर, प्रयागराज, रायबरेली, व अमेठी के श्रद्धावान उपासकध्उपासिकाये शामिल हो कर उनकी पावन पुण्य स्मृति को याद कर श्रद्धा सुमन अर्पित किया । कार्यक्रम का बुद्धारम्भ पावन भिक्षु संघ भन्ते शांति मित्र, भंते अश्वजित,भंते प्रज्ञानन्द व भंते आनंदमित्र द्वारा त्रिशरण, पंचशील व वंदना आनापानसति(ध्यान साधना) के साथ हुई ।आचार्य उमेश चंद्र के नेतृत्व में उपासकोध्उपासिकाओं द्वारा परित्राण पाठ किया। गया।
इस अवसर पर स्मृतिशेष भदंत कल्याणमित्र जी की पावन स्मृतियों को याद करते हुए भंते शांतिमित्र द्वारा स्मरण संस्मरणो को याद करते हुए बताया कि भदंत कल्याणमित्र महास्थविर के पिताजी भन्ते उपालि ने अपने गुरू भन्ते सुगतानन्द के संकेत पर अपने आवास पर भी एक बुद्ध प्रतिमा की स्थापना की, घर में विहार बना दिया, जिसका उद्घाटन 1 मई , 1969 को उत्तर प्रदेश के तत्कालीन उपमुख्यमंत्री माननीय कमलापति त्रिपाठी द्वारा किया गया था। न केवल इतना बल्कि इस आवासीय विहार के उद्घाटन के अवसर पर बर्मा के तत्कालीन प्रधानमंत्री ऊ नू का आगमन भी हुआ। अलावा इसके भदन्त एन. जिनरत्न नामक महास्थविर, सिक्किम के महाराज चोग्याल पोल्डेन भोन्डुप नामग्याल, भिक्षु जगदीश कश्यप तथा जापान के भदन्त फूजी गुरू भी इस आवासीय विहार में पधार चुके हैं। भंते अश्वजीत व भंते शांति मित्र ने उनके बताए हुए मार्ग पर सभी को चलने के लिए आवाहन किया।
कार्यक्रम का संयोजन व संचालन करते हुए राकेश कनोजिया ने कहा कि भदंत कल्याणमित्र जी न केवल जनपद के धम्म सारथी रहे अपित उनका प्रभाव प्रयागराज अयोध्या सुल्तानपुर कादीपुर व जौनपुर आदि जनपदों में बहुत ही प्रभावशाली रहा। प्रयागराज से पधारें भंते आनंद मित्र ने कहा कि पूज्य भंते जी राष्ट्र की प्रतिष्ठित संस्था महाबोधि सोसाइटी ऑफ इंडिया के वह आजीवन सदस्य के रूप में कार्य करते हुए उन्होंने जनपद में उपालि बुद्ध विहार व सुगतानन्द बुद्ध विहार की स्थापना में अहम भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में सभी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए समन्वय सेवा संस्थान के अध्यक्ष अवधेश अंजनी ने उनकी स्मृति में प्रत्येक वर्ष ष्धम्म गौरव सम्मानष् के साथ एक भव्य स्तूप के निर्माण की घोषणा की।
जिले में चलाये जा रहे धम्म की गतिविधियों पर विस्तृत आख्या उपासक वेद प्रकाश ने प्रस्तुत किया ।इस अवसर पर बहन लीलावती,शोभा कनौजिया,जीतेन्द्र बहादुर यादव,विजय शंकर,राम सजीवन सरोज,रंजू संजय,डा. सोमित्र गुप्ता,वेदांत गुप्ता, निखिल कुमार गुप्ता, श्रवण कुमार, सुरभि गुप्ता,राम सूरत बौद्ध,राकेश गौतम, बृजेश कुमार,शुभम यादव, विपिन सरोज, डॉ. विजय सरोज आदि भारी संख्या में श्रद्धालुओं सामुहिक मैत्री साधना व कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति प्रदान की ।
