रुद्रपुर। रेलवे पटरी के समीप ट्रेन दुर्घटना में बजाज मोटर्स के कर्मचारी सुरेश प्रसाद की दुखद मृत्यु के बाद श्रमिकों का गुस्सा फूट पड़ा। कंपनी प्रबंधन के कथित अमानवीय रवैये के विरोध में दर्जनों कामगारों ने मृतक का शव कंपनी गेट पर रखकर जोरदार प्रदर्शन किया और धरने पर बैठ गए।
जानकारी के अनुसार, बाजी लाल के पुत्र सुरेश प्रसाद की ट्रेन दुर्घटना में मौत हो गई थी। इस घटना के बाद श्रमिकों ने आरोप लगाया कि कंपनी प्रबंधन ने इस दुखद घड़ी में पूरी तरह गैर-जिम्मेदाराना और संवेदनहीन व्यवहार किया। आक्रोशित श्रमिक मृतक की पार्थिव देह को लेकर सीधे कंपनी गेट पर पहुंच गए और वहीं धरना शुरू कर दिया।
प्रदर्शनकारी श्रमिकों ने मृतक के परिवार के लिए 20 लाख रुपये मुआवजा और उनके पुत्र इंद्रजीत को कंपनी में स्थायी नौकरी देने की मांग उठाई।
इस दौरान पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता राजकुमार ठुकराल मौके पर पहुंचे और उन्होंने श्रमिकों के आंदोलन को अपना समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि वर्षों तक कंपनी की सेवा करने वाले कर्मचारी के निधन पर इस तरह का संवेदनहीन रवैया स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक परिवार को न्याय नहीं मिलेगा, आंदोलन जारी रहेगा।
सामाजिक कार्यकर्ता सुशील गाबा ने भी परिजनों को न्याय दिलाने की मांग उठाई धरने में सिडकुल श्रमिक मोर्चा के अध्यक्ष दिनेश तिवारी, बजाज मोटर्स कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष जगमोहन डसीला, महामंत्री हीरा लाल राठौर और कोषाध्यक्ष हेम दुर्गापाल समेत कई श्रमिक नेता और कर्मचारी शामिल रहे। सभी ने एकजुट होकर कहा कि अब श्रमिकों का शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।।
