बलिया। निपुण भारत मिशन के अंतर्गत डीएलएड प्रशिक्षार्थियों द्वारा कराए गए आकलन के आधार पर इस वर्ष भी निपुण सम्मान समारोह का आयोजन गंगा बहुद्देशीय सभागार में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य निपुण विद्यालय घोषित किए गए संस्थानों को प्रोत्साहित करना तथा जनसमुदाय में सकारात्मक शैक्षिक वातावरण का निर्माण करना रहा।
शैक्षणिक सत्र 2025-26 में बेसिक शिक्षा परिषद के अंतर्गत संचालित परिषदीय विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को डीएलएड प्रशिक्षार्थियों के आकलन एवं निपुण मॉनिटरिंग सेल की संस्तुति पर निपुण विद्यालय घोषित किए जाने पर मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर बेसिक शिक्षा अधिकारी एवं जिला विद्यालय निरीक्षक भी उपस्थित रहे।
मुख्य विकास अधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि शेष विद्यालयों को भी शीघ्र निपुण लक्ष्य प्राप्त करना होगा, जिसके लिए सभी शिक्षकों को सामूहिक रूप से प्रयास करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास जारी रहेंगे।
ज्ञात हो कि जनवरी-फरवरी माह में निपुण प्लस एप के माध्यम से कक्षा 1 एवं 2 के विद्यार्थियों का आकलन किया गया था, जिसमें जनपद के 448 विद्यालयों को निपुण विद्यालय घोषित किया गया। इन सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को समारोह में सम्मानित किया गया।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह ने शिक्षकों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि बेसिक शिक्षा निरंतर प्रगति कर रही है। उन्होंने बताया कि डीबीटी के माध्यम से विद्यार्थियों के अभिभावकों के खातों में गणवेश, बैग, जूते, मोजे एवं स्वेटर हेतु ₹1200 की धनराशि भेजी जा रही है, जिससे बच्चों की पढ़ाई बिना बाधा जारी रह सके।
कार्यक्रम में शिक्षक संदर्शिकाओं, प्रिंट-रिच सामग्री, निपुण लक्ष्य ऐप एवं दीक्षा ऐप के माध्यम से शिक्षण कार्य को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया। साथ ही एफएलएन प्रशिक्षण के जरिए शिक्षकों की दक्षता बढ़ाने की बात कही गई।
इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा अनुदेशक बम बहादुर द्वारा निर्मित पोर्ट्रेट मुख्य विकास अधिकारी को भेंट किया गया। जिला समन्वयक (निपुण) ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए अतिथियों का स्वागत एवं अभिनंदन किया।
कार्यक्रम में राज्य संदर्भदाता समूह के सदस्य आशुतोष कुमार सिंह तोमर, संतोष चंद्र तिवारी, चित्रलेखा सिंह, प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह, मंत्री डॉ. राजेश पांडे, डॉ. शशिभूषण मिश्र, डॉ. भवतोष कुमार पांडे, रामप्रकाश सिंह, विजय कुमार, संजय कुमार यादव, प्रवीण, प्रभाकर सहित अन्य शिक्षकों का सहयोग सराहनीय रहा।
