आगरा।पूर्व सैनिकों एवं वीर नारियों के सम्मान में आयोजित राष्ट्रीय अधिवेशन बड़े उत्साह और गरिमा के साथ सम्पन्न हुआ। इस अधिवेशन में देशभर से आए प्रतिनिधियों ने भाग लिया और गहन चर्चा के बाद कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव ध्वनि मत से पारित किए गए।
अधिवेशन में प्रमुख रूप से यह मुद्दा उठाया गया कि देश में 3 करोड़ से अधिक पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों का वोट बैंक होने के बावजूद उन्हें राजनीति की मुख्यधारा से दूर रखा गया है। प्रतिनिधियों ने मांग की कि राज्यसभा, विधान परिषदों और स्थानीय निकायों में कम से कम एक पूर्व सैनिक को मनोनीत किया जाए, ताकि इस वर्ग को उचित प्रतिनिधित्व मिल सके।
इसके अलावा, पूर्व सैनिकों के लिए हाउस टैक्स, वाटर टैक्स और टोल टैक्स माफ करने की मांग भी रखी गई। साथ ही पूर्व सैनिकों के लिए आरक्षित पदों को शीघ्र भरने पर जोर दिया गया। बैठक में 8वें वेतन आयोग से संबंधित विषयों को भी पढ़कर सुनाया गया।
कार्यक्रम के दौरान 30 वीर नारियों, सामाजिक कार्यों में सक्रिय पूर्व सैनिकों और नागरिकों को सम्मानित किया गया, जिससे कार्यक्रम का महत्व और बढ़ गया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि आगरा छावनी विधायक डॉ. जी.एस. धर्मेश रहे। विशिष्ट अतिथियों में श्री अशोक ठाकुर (डायरेक्टर, नेफेड), महेश चंद शर्मा (डायरेक्टर, आगरा पब्लिक स्कूल) और श्री राजेश गोयल (सदस्य, छावनी परिषद आगरा) शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन नेत्रपाल सिंह चैहान ने किया।
अधिवेशन में संगठन के विभिन्न राज्यों से आए पदाधिकारी भी उपस्थित रहे, जिनमें राजस्थान से राष्ट्रीय अध्यक्ष राम सिंह तंवर, पंजाब से उपाध्यक्ष राजीव बहल, तेलंगाना से किशोर बाला, दिल्ली से चितरंजन सिंह, हिमाचल प्रदेश से जे.एस. पटियाल और झारखंड से सुशील कुमार सिंह प्रमुख थे।
कार्यक्रम के संयोजक रवीशचंद कटारा रहे। इसके अतिरिक्त जेवर, मथुरा, एटा और मैनपुरी सहित कई जिलों से भी प्रतिनिधियों ने भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाया।
