मोहनलालगंज/लखनऊ। राजधानी के मोहनलालगंज तहसील क्षेत्र में अवैध खनन के खिलाफ उपजिलाधिकारी पवन पटेल ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। सोमवार को औचक निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने मिट्टी के अवैध कारोबार में लिप्त कई डंपरों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। इस सख्त तेवर से क्षेत्र के खनन माफियाओं में हड़कंप मच गया है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, खनन माफिया सरकारी श्वर्क ऑर्डरश् के नाम पर बड़े पैमाने पर अवैध तरीके से मिट्टी बेचने का खेल कर रहे थे। जांच में सामने आया है कि प्रपत्रों (दस्तावेजों) में भारी हेरफेर कर मिट्टी को निर्धारित स्थान के बजाय दूसरी जगहों पर व्यावसायिक लाभ के लिए बेचा जा रहा था। एसडीएम पवन पटेल को लंबे समय से इसकी शिकायतें मिल रही थीं, जिस पर उन्होंने रविवार देर रात और सोमवार सुबह गुप्त रूप से छापेमारी की।
कार्रवाई के दौरान एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर मिट्टी लदे कई डंपरों को रुकवाया। जब चालकों से कागजात मांगे गए, तो प्रपत्रों में स्पष्ट रूप से विसंगतियां पाई गईं। इसके बाद बिना किसी देरी के एसडीएम ने सभी वाहनों को जब्त कर स्थानीय पुलिस के सुपुर्द कर दिया। प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से खनन स्थल पर भगदड़ जैसा माहौल बन गया।
ष्अवैध खनन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकारी नियमों का उल्लंघन कर और दस्तावेजों में हेराफेरी कर राजस्व को चूना लगाने वालों के खिलाफ कठोर विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।ष् कृ पवन पटेल, एसडीएम मोहनलालगंज
इस बड़ी कार्रवाई के बाद से क्षेत्र में सक्रिय खनन सिंडिकेट के बीच हड़कंप है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रात के अंधेरे में मिट्टी का अवैध परिवहन काफी समय से फल-फूल रहा था। एसडीएम की इस पहल ने साफ कर दिया है कि मोहनलालगंज में अब नियम ताक पर रखकर काम करने वालों की खैर नहीं है।
सूत्रों के अनुसार पता चला है कि कई जगहों पर इसी तरह अवैध मिट्टी खोदी जा रही है नाम कहीं और का होता है डाली कहीं और जाती है इस पर भी एक बारी एसडीएम साहब को ध्यान देकर कार्रवाई करनी चाहिए।
