लखनऊ। माननीय मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश, श्री योगी आदित्यनाथ जी की अध्यक्षता में राज्य की बैंकिंग व्यवसाय की प्रगति की समीक्षा हेतु एक बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान कार्यपालक निदेशक, बैंक ऑफ बड़ौदा तथा अध्यक्ष, एस.एल.बी.सी., उ0 प्र0, श्री लाल सिंह जी द्वारा उत्तर प्रदेश में बैंकिंग क्षेत्र की वर्तमान स्थिति, प्रमुख उपलब्धियों एवं भावी दिशा पर महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा की गई।
बैठक में माननीय वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार, श्री सुरेश कुमार खन्नाय मुख्य सचिव, श्री शशि प्रकाश गोयल (आईएएस)य अपर मुख्य सचिव (वित्त), श्री दीपक कुमार (आईएएस)य क्षेत्रीय निदेशक, भारतीय रिजर्व बैंक, लखनऊ, श्री पंकज कुमारय मुख्य महाप्रबंधक, नाबार्ड, लखनऊ, श्री पंकज कुमारय महाप्रबंधक, बैंक ऑफ बड़ौदा एवं संयोजक, एस.एल.बी.सी. उ.प्र., श्री शैलेन्द्र कुमार सिंह, राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी सहित सभी प्रमुख बैंकों के राज्य प्रमुख व शीर्ष अधिकारियों ने सहभागिता की।
बैठक के दौरान उप महाप्रबंधक, एस.एल.बी.सी., श्रीमती निधि कुमार द्वारा पीपीटी के माध्यम से विभिन्न बैंकिंग गतिविधियों पर प्रस्तुति दी गई।
माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा बैठक में निर्देशित किया गया कि राज्य का क्रेडिट डिपॉजिट (सीडी रेशियो) मार्च, 2026 तक 62 प्रतिशत तक सुनिश्चित किया जाए। साथ ही मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (सीएम युवा), पीएम सूर्य घर सहित केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित सभी योजनाओं के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध एवं सरल प्रक्रिया के माध्यम से ऋण उपलब्ध कराया जाए।
माननीय मुख्यमंत्री जी ने राज्य में वित्तीय समावेशन, ऋण विस्तार एवं समग्र आर्थिक विकास को गति प्रदान करने हेतु सभी बैंकों से सक्रिय तथा प्रभावी भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने सभी बैंकों को वित्तीय लेनदेन में साइबर धोखाधड़ी के मामलों में कमी लाने हेतु आमजन को निरंतर जागरूक करने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार कर अभियान चलाने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने संबंधित विभागों को यह भी निर्देश दिए कि सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों से जुड़ी योजनाओं, विशेषकर सीएम युवा योजना के अंतर्गत आवेदन करने वाले लाभार्थियों को आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान करने पर विशेष ध्यान दिया जाए। बैठक के अंत में सभी प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
