बीसलपुर। कोतवाली क्षेत्र के गांव दौलतपुर हीरा में शमशान भूमि पर कथित अवैध कब्जे को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि सैकड़ों वर्षों से अंतिम संस्कार के लिए प्रयुक्त भूमि पर कुछ दबंगों द्वारा कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा है। विरोध करने पर विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई।
ग्रामीणों के अनुसार गाटा संख्या 101, रकबा 0.4050 हेक्टेयर भूमि राजस्व अभिलेखों में शमशान भूमि के रूप में दर्ज है, जहां शवदाह गृह भी निर्मित है। आरोप है कि गांव अहिरवाड़ा के मजरा दोहा के कुछ लोगों ने उक्त भूमि पर अवैध कब्जा करने की कोशिश की। जब ग्रामीणों ने इसका विरोध किया तो दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। सूचना पर डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से एक-एक व्यक्ति को हिरासत में लिया।
इसके बाद ग्रामीण ट्रैक्टर-ट्रॉली से क्षेत्रीय विधायक विवेक वर्मा के आवास पहुंचे, लेकिन मुलाकात न होने पर फोन पर वार्ता की। विधायक ने मामले में उपजिलाधिकारी नागेंद्र पांडे से बातचीत की, किंतु ग्रामीण आश्वस्त नहीं हुए और तहसील परिसर पहुंचकर प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों ने तहसीलदार को शिकायती पत्र सौंपते हुए शमशान भूमि को कब्जा मुक्त कराने की मांग की। प्रदर्शन में रामविलास, मुनेश, राहुल, मनोज, योगेंद्र, भानु प्रताप, हरिओम, वीरेश, करन, गीता देवी, बिट्टो, अनीता देवी, महादेवा, मालती, रामबेटी, नन्ही देवी, उर्मिला देवी, मानती देवी, महिपाल, मुन्नालाल, सुबोध, ओमप्रकाश, विकास, बबलू, जगपाल, वीरेश पाल, दाताराम और राजेश कुमार सहित कई ग्रामीण शामिल रहे।
वहीं दूसरे पक्ष की ओर से पुष्पा देवी पत्नी राजेश पाल सिंह का कहना है कि उनके पास उक्त भूमि का विधिवत बैनामा है और उन्होंने जमीन खरीदी है।
मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन द्वारा राजस्व अभिलेखों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई किए जाने की बात कही जा रही है।
