संग्रामपुर: भेटुआ और थौरा में ग्राम चौपाल से न्याय की राह हुई सुगम
February 06, 2026
संग्रामपुर/अमेठी। शासन की मंशा के अनुरूप जन-जन की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण हेतु जनपद के विकास खंड भेटुआ अंतर्गत शुक्रवार को ग्राम चैपाल का वृहद आयोजन किया गया। ग्राम पंचायत भेटुआ एवं थौरा में सजी इन चैपालों का मुख्य ध्येय सरकारी तंत्र और ग्रामीण जनता के मध्य की दूरी को पाटते हुए, गाँव की समस्याओं का समाधान गाँव की चैखट पर ही सुनिश्चित करना रहा। ग्राम पंचायत भेटुआ में आयोजित चैपाल की कमान ब्लॉक टेक्नोलॉजी मैनेजर सुनील कुमार ने संभाली। ग्राम पंचायत सचिव सुरेंद्र गुप्ता की उपस्थिति में ग्रामीणों ने अपनी व्यथा अधिकारियों के समक्ष रखी। चैपाल के दौरान मुख्य रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना से संबंधित दो प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। अधिकारियों ने आवेदकों को आश्वस्त करते हुए कहा कि पात्रता की गहन जांच के उपरांत नियमानुसार अविलंब कार्रवाई की जाएगी। इस अवसर पर ग्राम प्रधान प्रवीण कुमार मौर्य ने भी अपनी सक्रिय सहभागिता दर्ज कराई और विकास कार्यों में पारदर्शिता पर बल दिया। वहीं, ग्राम पंचायत थौरा में न्याय की गति और भी तीव्र दिखाई दी। लघु सिंचाई विभाग के अवर अभियंता रामानुज की देखरेख में आयोजित इस चैपाल में ग्राम पंचायत सचिव अरविंद सिंह राना ने जनसुनवाई की। चैपाल की सार्थकता तब सिद्ध हुई जब परिवार रजिस्टर से संबंधित दो प्रकरण सामने आए और अधिकारियों ने साक्ष्यों का अवलोकन कर मौके पर ही उनका निस्तारण कर दिया। इस त्वरित न्याय प्रणाली की ग्रामीणों ने मुक्त कंठ से सराहना की। इस दौरान प्रधान प्रतिनिधि बंटी सिंह भी मौजूद रहे और प्रशासनिक टीम का सहयोग किया। ग्राम चैपाल मात्र एक प्रशासनिक खानापूर्ति नहीं, बल्कि सहभागी लोकतंत्र का जीवंत उदाहरण है। जब अधिकारी वातानुकूलित कक्षों से निकलकर धूल भरी पगडंडियों तक पहुँचते हैं, तब न केवल फाइलों का बोझ कम होता है, बल्कि आम जनमानस का तंत्र पर विश्वास भी प्रगाढ़ होता है। अमेठी के इन दो गांवों में हुई चैपालें इसी विश्वास की बहाली की दिशा में एक सशक्त कदम हैं।
