बाराबंकी । स्वाट, सर्विलांस व थाना हैदरगढ़ की संयुक्त पुलिस टीम ने मंदिरों को निशाना बनाने वाले शातिर चोर को उसके सहयोगी ज्वैलर्स सहित गिरफ्तार कर कई बड़ी चोरी की घटनाओं का सनसनीखेज खुलासा किया है।गिरफ्तार अभियुक्तों में वीरेन्द्र कुमार पुत्र रामशंकर निवासी ग्राम कछवा थाना सुबेहा एवं जय विश्वकर्मा पुत्र कृष्णानन्द विश्वकर्मा निवासी मदारपुर तिराहा थाना कोठी, वर्तमान में निवासी देवीगंज भिटरिया रोड थाना असन्द्रा शामिल हैं। अभियुक्तों के कब्जे व निशानदेही से चोरी की गई 4 किलो 769 ग्राम चांदी, जिसमें गलाया गया छत्र (579 ग्राम) एवं अरघा की चांदी (4.19 किलोग्राम), 7 हजार रुपये नकद तथा घटना में प्रयुक्त कटर और प्लास बरामद किए गए हैं। बरामदगी के आधार पर अभियोग में धारा 317 बीएनएस की बढ़ोत्तरी की गई है।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि अभियुक्त वीरेन्द्र कुमार शातिर किस्म का चोर है, जो पहले मंदिरों की रेकी करता और फिर रात के अंधेरे में ताले तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम देता था। चोरी की गई चांदी व अन्य कीमती सामान वह देवीगंज स्थित ज्वैलर्स की दुकान पर जय विश्वकर्मा को सस्ते दामों में बेच देता था।अभियुक्त ने स्वीकार किया कि 3 और 4 फरवरी की रात थाना हैदरगढ़ क्षेत्र स्थित अवसानेश्वर मंदिर से चांदी का छत्र व अरघे की चांदी चोरी की गई थी। इससे पहले 4 और 5 जनवरी की रात थाना असन्द्रा क्षेत्र के ग्राम जरौली स्थित हनुमान मंदिर से दो चांदी के मुकुट तथा बीते 30 और 31 जनवरी की रात थाना रामसनेहीघाट क्षेत्र स्थित रामसनेही बाबा मंदिर से इनवर्टर, सीसीटीवी डीवीआर, एलईडी टीवी व कैमरे चोरी किए गए थे। इन सभी मामलों में संबंधित थानों पर मुकदमे दर्ज हैं।
वीरेन्द्र कुमार का लंबा आपराधिक इतिहास सामने आया है, जिसमें मंदिर चोरी, आर्म्स एक्ट सहित कई संगीन मामले दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि अभियुक्त आर्थिक और भौतिक लाभ के लिए धार्मिक स्थलों की पवित्रता को भी नहीं बख्शता था।पुलिस की इस कार्रवाई से मंदिरों में चोरी की घटनाओं पर करारा प्रहार हुआ है। पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने संयुक्त टीम की सराहना करते हुए स्पष्ट किया कि जनपद में अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है और ऐसे अपराधियों पर आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
