डॉक्टर बनने की चाहत रखने वालों के लिए खुशखबरी! यूपी बजट में मेडिकल एजुकेशन के लिए खुला पिटारा
February 11, 2026
आज यानी 11 फरवरी 2026 को उत्तर प्रदेश विधानसभा में यूपी बजट पेश किया गया। उत्तर प्रदेश विधानसभा में यूपी बजट को वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने पेश किया। इस दौरान उन्होंने मेडिकल एजुकेशन समेत अन्य को लेकर कई बड़े ऐलान किए। कुल 9 लाख 12 हजार 696 करोड़ का बजट पेश किया गया है। इसमें 10 लाख नौकरी, एग्रो एक्सपोर्ट हब और रोजगार सेंटर के निर्माण का उल्लेख किया गया है। वहीं, इसमें मेडिकल एजुकेशन के लिए कुल 14,997 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।वर्तमान में प्रदेश में 81 मेडिकल कॉलेज हैं, जिनमें 45 राज्य सरकार द्वारा संचालित हैं एवं 36 निजी क्षेत्र द्वारा संचालित हैं।
वर्तमान में 60 जनपद मेडिकल कालेज की सुविधाओं से आच्छादित हैं। 16 असेवित जनपदों में मेडिकल कालेजों की स्थापना पीपीपी पद्धति से की जानी है।
राजकीय तथा निजी क्षेत्र के मेडिकल चिकित्सा संस्थानों में एमबीबीएस सीटों की संख्या वर्ष 2017 में 4,540 थी, जिसे बढ़ाकर 12,800 किया गया।
राजकीय तथा निजी क्षेत्र के चिकित्सा संस्थानों में पीजी सीटों की संख्या वर्ष 2017 में 1,221 थी, जिसे बढ़ाकर 4995 किया गया।
14 नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना एवं संचालन हेतु 1023 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
कैंसर संस्थान, लखनऊ के लिये 315 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
असाध्य रोगों के इलाज के लिये निःशुल्क चिकित्सा सुविधा हेतु 130 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
मेधावी छात्राओं को स्कूटी के लिए चार सौ करोड़ का प्रावधान किया गया है। जबकि एक जनपद एक व्यंजन के लिये 75 करोड़ रुपये का बजट में प्रावधान किया गया है। वहीं स्वामी विवेकानन्द युवा सशक्तिकरण योजना में टैबलेट/स्मार्ट फोन के वितरण के लिए 2,374 करोड रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
कौशल विकास
बजट में ऐलान किया गया कि कौशल विकास ट्रेनिंग सेंटर्स की क्षमता बढ़ाई जाएगी। पीपीपी मॉडल पर जनपदों में स्किल डेवलपमेंट और जॉब प्लेसमेंट केंद्र बनाए जाएंगे।
