पीलीभीत।संस्कृतिदृपर्यटन विभाग, उत्तर प्रदेश एवं जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित भारत नेपाल मैत्री महोत्सव 2026 के अंतर्गत जनपद में गांधी स्टेडियम में भव्य एवं गरिमामय सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में साहित्यकारों, कलाकारों, बुद्धिजीवियों एवं स्थानीय नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। महोत्सव के नोडल अधिकारी अतुल द्विवेदी के मार्गदर्शन में कार्यक्रम सुव्यवस्थित, शांतिपूर्ण एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। आयोजन का शुभारंभ कवि सम्मेलन से हुआ, जिसमें विभिन्न जनपदों एवं प्रदेशों से पधारे प्रतिष्ठित कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से राष्ट्रप्रेम, सामाजिक सरोकार, संस्कृति संरक्षण एवं मानवीय मूल्यों को प्रभावी अभिव्यक्ति दी।
कवि सम्मेलन में बाराबंकी से शिव कुमार व्यास, पश्चिम बंगाल से श्यामल मजूमदार, रायबरेली से नीरज पाण्डेय एवं उत्कर्ष उत्तम, जनपद से सरोज सरगवान तथा लखनऊ से प्रख्यात मिश्रा, प्रमोद द्विवेदी एवं अशोक अग्निहोत्री ने सहभागिता की। ओज, व्यंग्य, करुणा और देशभक्ति से ओतप्रोत प्रस्तुतियों ने श्रोताओं को देर तक बांधे रखा और सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा।
कवि सम्मेलन के उपरांत विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनोहारी श्रृंखला प्रस्तुत की गई। शशांक ऋषि शंखधर एवं उनके दल द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक ने सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया। सरिता मिश्रा एवं अंजू रानी के लोकगीतों ने लोकसंस्कृति की मधुरता का अनुभव कराया। राजस्थान से आए शिव नारायण द्वारा चक्री नृत्य की प्रस्तुति आकर्षण का केंद्र रही।
आईसीसीआर के सहयोग से आए नेपाली कलाकारों द्वारा प्रस्तुत लोक नृत्य ने भारतदृनेपाल की साझा सांस्कृतिक विरासत को सजीव कर दिया। कृष्ण प्रसाद त्रिवेदी के भजन गायन एवं श्याम जीत सिंह के लोकगायन ने कार्यक्रम में आध्यात्मिकता और लोकभावना का सुंदर समावेश किया। वहीं संदीप सिंह एवं दल द्वारा प्रस्तुत थारू जनजातीय लोकनृत्य ने क्षेत्रीय परंपराओं की समृद्धि को मंच पर प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।कार्यक्रम में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह, अपर जिलाधिकारी प्रसून द्विवेदी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राकेश तिवारी, सिटी मजिस्ट्रेट विजयवर्धन तोमर, पुलिस अधीक्षक सुकृति माधव अपर पुलिस अधीक्षक विक्रम दहिया सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।अपने संबोधन में वक्ताओं ने भारत और नेपाल के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक संबंधों को प्रगाढ़ बताते हुए ऐसे आयोजनों को दोनों देशों के मध्य मैत्री और सांस्कृतिक समन्वय को सुदृढ़ करने वाला बताया।उल्लेखनीय है कि महोत्सव का अंतिम एवं समापन दिवस आज गांधी स्टेडियम प्रेक्षागृह, में आयोजित किया जाएगा, जिसके साथ इस दो दिवसीय सांस्कृतिक श्रृंखला का औपचारिक समापन होगा।कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। आयोजन की सफलता के लिए संस्कृतिदृपर्यटन विभाग, जिला प्रशासन, कलाकारों एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
